काव्यशास्त्र के वस्तुनिष्ठ प्रश्न PDF (MCQ): 279 प्रश्नोत्तरी उत्तर सहित

अंतिम संशोधित (Last Updated): October 22, 2026

संक्षिप्त उत्तर: यहाँ काव्यशास्त्र (भारतीय और पाश्चात्य) के 279 वस्तुनिष्ठ प्रश्न (MCQ) उत्तर सहित एक ही पेज पर हैं, साथ में 115 वन-लाइनर भी। प्रश्न विषय के अनुसार भागों में बँटे हैं और हर प्रश्न का उत्तर बटन दबाने पर खुलता है।

काव्यशास्त्र UGC NET, JRF, TGT, PGT, RPSC और कॉलेज व्याख्याता परीक्षाओं का सबसे ज़्यादा पूछा जाने वाला खंड है। पहले यहाँ अलग-अलग पेजों पर बिखरी काव्यशास्त्र की प्रश्नोत्तरियों को एक मेगा संग्रह में जोड़ा गया है, ताकि आपको एक ही जगह पूरा अभ्यास मिले। प्रश्नों में सीधे प्रश्न, बहु-कथन, कथन-कारण और सही क्रम वाले UGC NET पैटर्न के प्रश्न शामिल हैं।

279MCQ प्रश्न
115वन-लाइनर
7विषय-भाग
भारतीय + पाश्चात्यपूरा पाठ्यक्रम
कैसे पढ़ें: हर भाग के शुरुआती प्रश्न खुले दिखते हैं। आगे के प्रश्नों के लिए “अगले प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें” बटन दबाइए। पहले खुद उत्तर सोचिए, फिर “👉 उत्तर देखें” दबाइए।
📥 काव्यशास्त्र के 100 वस्तुनिष्ठ प्रश्न PDF (मुफ़्त) उत्तर सहित, मोबाइल में पढ़ने और प्रिंट के लिए।
PDF डाउनलोड करें (13 पन्ने, 327 KB)
📥 मुफ़्त PDF: हिंदी साहित्य के वस्तुनिष्ठ प्रश्नों का मुफ़्त PDF भी उपलब्ध है।
हिंदी साहित्य MCQ मुफ़्त PDF देखें

भारतीय काव्यशास्त्र: प्रमुख आचार्य और ग्रंथ (31 प्रश्न)

भाग 1

1. संस्कृत काव्यशास्त्रीय ग्रंथों के आधार पर काव्यशास्त्र का प्रथम आचार्य माना जाता है?

  • (अ) आनंदवर्धन
  • (ब) भरतमुनि
  • (स) भट्टतौत
  • (द) कुंतक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भरतमुनि

2. ’नाट्यशास्त्र’ के रचयिता कौन हैं?

  • (अ) मम्मट
  • (ब) उद्भट
  • (स) भरतमुनि
  • (द) भामह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भरतमुनि

3. ’काव्यालंकार’ किसकी रचना है?

  • (अ) भामह
  • (ब) जगन्नाथ
  • (स) कुंतक
  • (द) विश्वनाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भामह
➕ अगले 13 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 4–16)

4. भामह किस संप्रदाय के समर्थक हैं?

  • (अ) रीति
  • (ब) वक्रोक्ति
  • (स) ध्वनि
  • (द) अलंकार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अलंकार

5. भामह के ग्रंथ के आधार पर ’भामह-विवरण’ की रचना करने वाले आचार्य कौन हैं?

  • (अ) उद्भट
  • (ब) कुंतक
  • (स) भट्टतौत
  • (द) आनंदवर्धन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) उद्भट

6. ’अभिनवभारती’ में किस ग्रंथ की टीका व व्यवस्था है?

  • (अ) साहित्यदर्पण
  • (ब) नाट्यशास्त्र
  • (स) काव्यकौतुक
  • (द) काव्यप्रकाश
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) नाट्यशास्त्र

7. काव्यादर्श एवं दशकुमारचरित ग्रंथों के रचयिता कौन हैं?

  • (अ) भरत
  • (ब) भामह
  • (स) दण्डी
  • (द) भट्टतौत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) दण्डी

8. दण्डी किस संप्रदाय से समर्थक थे?

  • (अ) अलंकार
  • (ब) रीति
  • (स) वक्रोक्ति
  • (द) ध्वनि
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) अलंकार

9. काव्यालंकार सारसंग्रह किसकी रचना है?

  • (अ) उद्भट
  • (ब) मम्मट
  • (स) भट्टतौत
  • (द) महिमभट्ट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) उद्भट

10. काव्यालंकार सूत्रवृत्ति रचना के रचनाकार कौन है?

  • (अ) राजशेखर
  • (ब) वामन
  • (स) भोज
  • (द) रुय्यक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) वामन

11. वामन किस संप्रदाय के समर्थक थे?

  • (अ) रस
  • (ब) अलंकार
  • (स) रीति
  • (द) ध्वनि
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) रीति

12. ’काव्यालंकार सूत्रवृत्ति’ के हिंदी अनुवाद की भूमिका किसने लिखी है?

  • (अ) डाॅ. नगेन्द्र
  • (ब) आचार्य शुक्ल
  • (स) रामकुमार वर्मा
  • (द) अज्ञेय
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) डाॅ. नगेन्द्र

13. नायक-नायिका भेद का विस्तृत निरूपण सर्वप्रथम किस ग्रंथ में किया गया?

  • (अ) काव्यप्रकाश
  • (ब) नाट्यशास्त्र
  • (स) साहित्यदर्पण
  • (द) काव्यालंकार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) नाट्यशास्त्र

14. प्रेयान् रस की सर्वप्रथम चर्चा किस आचार्य ने की?

  • (अ) उद्भट
  • (ब) रुद्रट
  • (स) आनंदवर्धन
  • (द) मम्मट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) रुद्रट

15. ’ध्वन्यालोक’ के रचनाकार कौन हैं?

  • (अ) मम्मट
  • (ब) आनंदवर्धन
  • (स) वामन
  • (द) उद्भट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) आनंदवर्धन

16. ’ध्वन्यालोक’ के प्रधान आलोचक कौन माने जाते हैं?

  • (अ) जगन्नाथ
  • (ब) मम्मट
  • (स) अभिनव गुप्त
  • (द) दण्डी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) अभिनव गुप्त

भाग 2

17. ’ध्वन्यालोक’ की टीका का क्या नाम है?

  • (अ) काव्यमीमांसा
  • (ब) रसगंगाधर
  • (स) लोचन
  • (द) नाट्यशास्त्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) लोचन

18. ’ध्वन्यालोक’ की टीका ’लोचन’ के रचनाकार कौन है?

  • (अ) अभिनव गुप्त
  • (ब) राजशेखर
  • (स) महिम भट्ट
  • (द) भोज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) अभिनव गुप्त

19. ’काव्यमीमांसा’ के रचनाकार कौन है?

  • (अ) राजशेखर
  • (ब) भट्टतौत
  • (स) विश्वनाथ
  • (द) जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) राजशेखर
➕ अगले 12 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 20–31)

20. ’दशरूपक’ के रचनाकार कौन है?

  • (अ) विश्वनाथ
  • (ब) वामन
  • (स) धनंजय
  • (द) कुंतक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) धनंजय

21. ’वक्रोक्तिजीवितम्’ किसकी रचना है?

  • (अ) भरतमुनि
  • (ब) कुंतक
  • (स) वामन
  • (द) क्षेमेंद्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) कुंतक

22. वक्रोक्ति को काव्य का ’जीवन’ किस आचार्य ने माना?

  • (अ) क्षेमेंद्र
  • (ब) कुंतक
  • (स) धनिक
  • (द) धनंजय
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) कुंतक

23. व्यक्तिविवेक रचना के रचनाकार कौन है?

  • (अ) धनंजय
  • (ब) महिमभट्ट
  • (स) जगन्नाथ
  • (द) भोज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) महिमभट्ट

24. ’औचित्य विचार चर्चा’ एवं ’कविकण्ठाभरण’ के रचनाकार है?

  • (अ) विश्वनाथ
  • (ब) दण्डी
  • (स) कुंतक
  • (द) क्षेमेंद्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) क्षेमेंद्र

25. ’सरस्वतीकण्ठाभरण’ किसकी रचना है?

  • (अ) दण्डी
  • (ब) आनंदवर्धन
  • (स) भोजराज
  • (द) भामह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भोजराज

26. ’काव्यप्रकाश’ के रचनाकार कौन है?

  • (अ) दण्डी
  • (ब) मम्मट
  • (स) कुंतक
  • (द) भोज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) मम्मट

27. ’अलंकारसर्वस्व’ के रचयिता कौन है?

  • (अ) रुय्यक
  • (ब) विश्वनाथ
  • (स) मम्मट
  • (द) जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) रुय्यक

28. ’साहित्य-दर्पण’ किसकी रचना है?

  • (अ) दण्डी
  • (ब) वामन
  • (स) विश्वनाथ
  • (द) जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) विश्वनाथ

29. ’रसगंगाधर’ के रचयिता कौन है?

  • (अ) भोज
  • (ब) महिम भट्ट
  • (स) जगन्नाथ
  • (द) रुय्यक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) जगन्नाथ

30. किस संस्कृतज्ञ को शाहजहाँ ने ’पंडितराज’ की उपाधि से विभूषित किया?

  • (अ) विश्वनाथ
  • (ब) जगन्नाथ
  • (स) श्री शंकुक
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) जगन्नाथ

31. अलंकार से संबद्ध ग्रंथ ’कुवलयानंद’ के रचयिता है?

  • (अ) महिम भट्ट
  • (ब) जयदेव
  • (स) अप्पय दीक्षित
  • (द) विश्वनाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) अप्पय दीक्षित
भारतीय काव्यशास्त्र MCQ प्रश्नोत्तरी PDF
📚 पढ़ने के साथ तैयारी भी
भारतीय काव्यशास्त्र MCQ प्रश्नोत्तरी PDF
850+ प्रश्न · UGC NET/JRF हिंदी
नोट्स देखें →

काव्य हेतु, प्रतिभा, प्रयोजन और गुण (9 प्रश्न)

32. प्रतिभा के दो भेद ’कारयित्री’ एवं ’भावयित्री’ किस आचार्य ने किए?

  • (अ) विश्वनाथ
  • (ब) राजशेखर
  • (स) मम्मट
  • (द) भोज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) राजशेखर

33. किसकी प्रतिभा को भावयित्री प्रतिभा कहा जाता है?

  • (अ) सहृदय
  • (ब) कवि
  • (स) भावुक
  • (द) निबंधकार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) सहृदय

34. ’प्रज्ञा नवनवोन्मेषशालिनी प्रतिभा मता।’ किसकी पंक्ति है?

  • (अ) रुद्रट
  • (ब) जगन्नाथ
  • (स) भट्टतौत
  • (द) वामन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भट्टतौत

35. कितने प्रकार के काव्य हेतु माने गए है?

  • (अ) पाँच
  • (ब) तीन
  • (स) चार
  • (द) सात
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) तीन

36. ’धर्मार्थकाममोक्षेषु वैचक्षण्यं कलासु च।’ किसकी पंक्ति है?

  • (अ) भामह
  • (ब) मम्मट
  • (स) भरत
  • (द) वामन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भामह

37. ’काव्यं यशसेऽर्थकृते व्यवहारविदे शिवेतरक्षतये सद्यःपरनिर्वृतये कान्तासम्मिततयोपदेशयुजे।’ काव्य प्रयोजन में उक्त परिभाषा किसकी है?

  • (अ) भामह
  • (ब) कुंतक
  • (स) मम्मट
  • (द) जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) मम्मट

38. काव्य हेतु के संदर्भ में निम्न में से कौन-सा कथन असत्य है?

  • (अ) काव्य हेतु से तात्पर्य काव्य की उत्पत्ति का कारण है।
  • (ब) भामह ने प्रतिभा को काव्य का मुख्य हेतु माना है।
  • (स) आचार्य रुद्रट ने प्रतिभा के दो भेद बताए- सहजा एवं उत्पाद्या।
  • (द) आचार्य हेमचंद्र ने काव्य के तीन हेतु माने हैं- शक्ति, लोकशास्त्र का अन्वेक्षण और अभ्यास।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) आचार्य हेमचंद्र ने काव्य के तीन हेतु माने हैं- शक्ति, लोकशास्त्र का अन्वेक्षण और अभ्यास।

39. ‘काव्य गुण’ के संदर्भ में निम्न में से कौन-सा कथन असत्य है?

  • (अ) दोषों का विपर्यय ही गुण होते हैं।
  • (ब) भरतमुनि ने अपने ग्रंथ में तीन काव्य गुणों की चर्चा की है।
  • (स) गुण तीन होते हैं- माधुर्य, ओज तथा प्रसाद।
  • (द) गुण को चित्तवृत्ति का पर्याय भी माना जाता है।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भरतमुनि ने अपने ग्रंथ में तीन काव्य गुणों की चर्चा की है।

40. काव्य-प्रयोजन के संदर्भ में ’’करोति कीर्ति प्रीतिश्च साधुकाव्य निबन्धनम्’’ कथन किसका है?

  • (अ) वामन
  • (ब) दण्डी
  • (स) भामह
  • (द) पंडितराज जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भामह

शब्द शक्ति (7 प्रश्न)

41. शब्दशक्ति के मूलतः कितने भेद माने गए है?

  • (अ) एक
  • (ब) चार
  • (स) पाँच
  • (द) तीन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) तीन

42. जब प्रसिद्ध अर्थ अथवा साक्षात् संकेतित अर्थ-बोध के मूल कारण उपलब्ध हों तब कौन-सी शब्दशक्ति होती है?

  • (अ) लक्षणा
  • (ब) अभिधा
  • (स) व्यंजना
  • (द) तात्पर्यवृत्ति
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अभिधा

43. जहाँ मुख्यार्थ की बाधा होने पर रूढ़ि अथवा प्रयोजन के कारण मुख्यार्थ से संबद्ध अन्य अर्थ लक्षित हो वहाँ शब्दशक्ति होती है?

  • (अ) लक्षणा
  • (ब) तात्पर्य
  • (स) अभिधा
  • (द) व्यंजना
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) लक्षणा

44. रूढ़ा और प्रयोजनवती किस शब्दशक्ति के प्रमुख भेद है?

  • (अ) अभिधा
  • (ब) व्यंजना
  • (स) लक्षणा
  • (द) तात्पर्यवृत्ति
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) लक्षणा

45. अभिधा और लक्षणा द्वारा अपना-अपना अर्थ बताकर शांत हो जाने पर किसी अन्य ही अर्थ का बोधन होता है, वहाँ कौन-सी शब्दशक्ति होती है?

  • (अ) तात्पर्यवृत्ति
  • (ब) व्यंजना
  • (स) लक्षणा
  • (द) अभिधा
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) व्यंजना

46. टूक-टूक है मन मुकुर हमारो हाय, चूकि हूँ कठोर बैन-पाहन चलावौ ना… इसमें कौन-सी शब्द शक्ति है?

  • (अ) अभिधा
  • (ब) व्यंजना
  • (स) प्रयोजनवती लक्षणा
  • (द) रूढ़ा लक्षणा
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) व्यंजना

47. किस आचार्य के मतानुसार व्यंजना के विभावन व्यापार के द्वारा साधारणीकरण होता है ?

  • (अ) पंडितराज जगन्नाथ
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) नगेन्द्र
  • (द) आचार्य रामचंद्र शुक्ल
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अभिनवगुप्त

संप्रदाय: ध्वनि, अलंकार, रीति, वक्रोक्ति और औचित्य (32 प्रश्न)

भाग 1

48. ध्वनि-सिद्धांत के प्रवर्तक माने जाते है?

  • (अ) आनंदवर्धन
  • (ब) मम्मट
  • (स) भामह
  • (द) वामन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आनंदवर्धन

49. निम्न में से कौन अलंकारवादी आचार्य नहीं है?

  • (अ) वामन
  • (ब) भामह
  • (स) दण्डी
  • (द) उद्भट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) वामन

50. किस आचार्य ने शब्दालंकारों को अधम काव्य, अर्थालंकारों को मध्यम काव्य तथा गुणीभूत व्यंग्य और ध्वनि को क्रमशः उत्तम और उत्तमोत्तम कहा?

  • (अ) आनंदवर्धन
  • (ब) मम्मट
  • (स) विश्वनाथ
  • (द) जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) मम्मट
➕ अगले 13 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 51–63)

51. जनश्रुति के आधार पर किस आचार्य को रस के प्रवर्तक होने का श्रेय दिया गया है?

  • (अ) भरत
  • (ब) नन्दिकेश्वर
  • (स) भामह
  • (द) दण्डी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) नन्दिकेश्वर

52. ’विशिष्टापदरचना रीतिः’ किसका कथन है?

  • (अ) कुंतक
  • (ब) आनंदवर्द्धन
  • (स) भरत
  • (द) वामन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) वामन

53. रीति को संघटना अर्थात् सम्यक घटना नाम किस आचार्य ने दिया?

  • (अ) वामन
  • (ब) भोज
  • (स) आनंदवर्द्धन
  • (द) रुय्यक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) आनंदवर्द्धन

54. ’शब्दार्थौ सहितौ काव्यम्’- किसका कथन है?

  • (अ) भामह
  • (ब) दण्डी
  • (स) आनंदवर्द्धन
  • (द) विश्वनाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भामह

55. ’शरीरं तावद् इष्टार्थव्यवच्छिना पदावली’- किसने कहा था?

  • (अ) जगन्नाथ
  • (ब) विश्वनाथ
  • (स) दण्डी
  • (द) भामह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) दण्डी

56. ’रीतिरात्मा काव्यस्य’-किसने कहा था?

  • (अ) वामन
  • (ब) भरत
  • (स) महिम भट्ट
  • (द) कुंतक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) वामन

57. ’शब्दार्थ शरीरं तावत्काव्यम्’-किसका कथन है?

  • (अ) मम्मट
  • (ब) आनंदवर्द्धन
  • (स) कुंतक
  • (द) वामन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) आनंदवर्द्धन

58. ’तद्दोषौ शब्दार्थों सगुणावनलंकृती पुनः क्वापि’ -किसने कहा था?

  • (अ) मम्मट
  • (ब) जगन्नाथ
  • (स) विश्वनाथ
  • (द) रामचंद्र शुक्ल
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) मम्मट

59. ’रमणीयार्थप्रतिपादकः शब्दः काव्यम्’-किसका कथन है?

  • (अ) वामन
  • (ब) मम्मट
  • (स) दण्डी
  • (द) जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) जगन्नाथ

60. ’वाक्यं रसात्मकं काव्यम्’- किसका कथन है?

  • (अ) जगन्नाथ
  • (ब) विश्वनाथ
  • (स) वामन
  • (द) दण्डी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) विश्वनाथ

61. ’कवि समय’ का सर्वप्रथम व्यवस्थित एवं पर्याप्त निरूपण किस आचार्य द्वारा किया गया?

  • (अ) वामन
  • (ब) भरत
  • (स) राजशेखर
  • (द) भामह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) राजशेखर

62. निम्न में से ध्वनि विरोधी आचार्य है?

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) भट्टलोल्लट
  • (स) शंकुक
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भट्टनायक

63. हिंदी साहित्य में छंदशास्त्र की दृष्टि से प्रथम कृति मानी जाती है?

  • (अ) छंदसार
  • (ब) छंदमाला
  • (स) छंदवीणा
  • (द) छंदविहार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) छंदमाला

भाग 2

64. आचार्य दण्डी ने ’शरीरं तावद्दिष्टार्थ व्यवच्छिना पदावली’ कहकर काव्य की परिभाषा दी है। उनका ग्रंथ कौन-सा है?

  • (अ) काव्यालंकार
  • (ब) काव्यादर्श
  • (स) काव्य परिचय
  • (द) काव्य प्रकाश
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) काव्यादर्श

65. ध्वनि संप्रदाय के प्रवर्तक आनंदवर्धन थे। इनका लिखा हुआ ग्रंथ कौन-सा है?

  • (अ) काव्यादर्श
  • (ब) प्रतीपसमुत्यवाद
  • (स) ध्वन्यालोक
  • (द) साहित्यदर्पण
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) ध्वन्यालोक

66. प्रतीयमान अर्थ को काव्यात्मा स्वीकार करने में उपर्युक्त मत किसने दिया?

  • (अ) आनंदवर्धन
  • (ब) पंडितराज जगन्नाथ
  • (स) कुंतक
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आनंदवर्धन
➕ अगले 13 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 67–79)

67. अलंकार संप्रदाय से संबंधित अलंकार ग्रंथों का सही अनुक्रम क्या है?

  • (अ) अलंकार शेखर, अलंकार सर्वस्व, काव्यालंकार सूत्रवृत्ति, काव्यालंकार
  • (ब) काव्यालंकार, काव्यालंकार सूत्रवृत्ति, अलंकार सर्वस्व, अलंकार शेखर
  • (स) काव्यालंकार, काव्यालंकार सूत्रवृत्ति, अलंकार शेखर, अलंकार सर्वस्व
  • (द) अलंकार शेखर, काव्यालंकार, काव्यालंकार सूत्रवृत्ति, अलंकार सर्वस्व
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) काव्यालंकार, काव्यालंकार सूत्रवृत्ति, अलंकार सर्वस्व, अलंकार शेखर

68. रचनाकाल के आधार पर आचार्यों का सही अनुक्रम कौन-सा है?

  • (अ) कुंतक, क्षेमेन्द्र, वामन, भामह
  • (ब) भामह, वामन, क्षेमेन्द्र, कुंतक
  • (स) भामह, वामन, कुंतक, क्षेमेन्द्र
  • (द) भामह, कुंतक, वामन, क्षेमेन्द्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भामह, वामन, कुंतक, क्षेमेन्द्र

69. क (स्थापना): औचित्य वह विवेक है जो भले-बुरे का ज्ञान देता है। ख (तर्क): आचित्य सिद्धांत का प्रतिपादन क्षेमेन्द्र ने किया है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) क और ख दोनों सही

70. क (स्थापना): अलंकार काव्य के स्वाभाविक धर्म हैं। ख (तर्क): कविता का जीवन से गहरा संबंध होता है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) क और ख दोनों सही

71. नाट्यशास्त्र से संबंधित निम्नलिखित ग्रंथों का सही अनुक्रम कौन-सा है?

  • (अ) भाव प्रकाशन, दशरूपक, नाट्यदर्पण, अभिनव भारती
  • (ब) नाट्यदर्पण, दशरूपक, भाव प्रकाशन, अभिनव भारती
  • (स) दशरूपक, अभिनव भारती, नाट्यदर्पण, भाव प्रकाशन
  • (द) अभिनव भारती, दशरूपक, नाट्यदर्पण, भाव प्रकाशन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अभिनव भारती, दशरूपक, नाट्यदर्पण, भाव प्रकाशन

72. ’ध्वनि प्रस्थापक परमाचार्य’ माना जाता है –

  • (अ) अभिनवगुप्त
  • (ब) आनन्दवर्द्धन
  • (स) मम्मट
  • (द) विश्वनाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) मम्मट

73. प्रतीयमानं पुरन्यदेवं वस्त्वस्ति वाणीषु महाकवीनाम्।

  • (अ) आनन्दवर्द्धन
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) विश्वनाथ
  • (द) मम्मट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आनन्दवर्द्धन

74. ’’मोती का पानी था वो आनन्द भवन का वासी था

  • (अ) अविक्षित वाच्य ध्वनि
  • (ब) अर्थन्तार संक्रमित वाच्य ध्वनि
  • (स) असंलक्ष्यक्रम ध्वनि
  • (द) संलक्ष्यक्रम ध्वनि
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) संलक्ष्यक्रम ध्वनि

75. निम्नलिखित में से ध्वनि सिद्धान्त का विरोधी नहीं है-

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) कुंतक
  • (स) मम्मट
  • (द) धनजंय
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) मम्मट

76. ’ध्वन्यालोक’ में उद्योत है –

  • (अ) 1
  • (ब) 2
  • (स) 3
  • (द) 4
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) 4

77. आनंदवर्द्धन ने निम्न में से कौनसा ध्वनि का प्रकार नहीं माना है ?

  • (अ) वस्तु ध्वनि
  • (ब) अलंकार ध्वनि
  • (स) रस ध्वनि
  • (द) रीति ध्वनि
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) रीति ध्वनि

78. ध्वन्यालोक की टीका ’ध्वन्यालोक लोचन’ किसने लिखी ?

  • (अ) विश्वनाथ
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) आनंदवर्द्धन
  • (द) मम्मट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अभिनवगुप्त

79. ’चारुत्वोत्कर्ष निबंधना हि वाच्यव्यंग्योः प्राधान्य-विवक्षा कथन किसका है ?

  • (अ) आनंदवर्द्धन
  • (ब) विश्वनाथ
  • (स) मम्मट
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आनंदवर्द्धन
📘 UGC NET Paper 1 की तैयारी: 10 इकाइयों के 247 पन्नों के नोट्स हिंदी में। पहली इकाई का PDF मुफ़्त है।
पूरे नोट्स देखेंमुफ़्त PDF (इकाई 1)

रस सिद्धांत और साधारणीकरण (74 प्रश्न)

भाग 1

80. भरत ने रसो की संख्या कितनी मानी?

  • (अ) दस
  • (ब) पांच
  • (स) आठ
  • (द) नौ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) आठ

81. ’विभावानुभावव्यभिचारिसंयोगाद् रसनिष्पत्तिः’ – रसनिष्पत्ति के संबंध में उक्त प्रख्यात कथन किसका है?

  • (अ) नन्दिकेश्वर
  • (ब) भरत
  • (स) आनंदवर्धन
  • (द) भोज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भरत

82. सहृदय के अंतःकरण में जो मनोविकार वासना रूप में सदा विद्यमान रहते है तथा जिन्हें कोई भी अवरुद्ध भाव दबा नहीं सकता उन्हें कहते है?

  • (अ) स्थायी भाव
  • (ब) विभाव
  • (स) व्यभिचारी
  • (द) अनुभाव
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) स्थायी भाव

83. सामान्यतः स्थायी भावों की संख्या कितनी मानी जाती है?

  • (अ) नौ
  • (ब) आठ
  • (स) चार
  • (द) छह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) नौ
➕ अगले 21 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 84–104)

84. बीभत्स रस का स्थायी भाव है?

  • (अ) विस्मय
  • (ब) जुगुप्सा
  • (स) निर्वेद
  • (द) शोक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) जुगुप्सा

85. रसनिष्पत्ति के प्रथम व्याख्याकार कौन है?

  • (अ) श्री शंकुक
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) भट्ट लोल्लट
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भट्ट लोल्लट

86. सामाजिक के हृदय में वासना रूप में स्थित रति, उत्साह, शोक आदि भावों के उद्बोधक कारणों को कहते हैं?

  • (अ) स्थायी भाव
  • (ब) संचारी भाव
  • (स) विभाव
  • (द) अनुभाव
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) संचारी भाव

87. आलंबन और उद्दीपन रस के किस अंग के भेद है?

  • (अ) स्थायी भाव
  • (ब) संचारी भाव
  • (स) व्यभिचारी भाव
  • (द) विभाव
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) विभाव

88. रत्यादि स्थायी भावों को प्रकाशित करने वाली आश्रय की बाह्य चेष्टाएँ कहलाती है?

  • (अ) स्थायी भाव
  • (ब) अनुभाव
  • (स) विभाव
  • (द) व्यभिचारिभाव
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अनुभाव

89. अनुभाव के कितने रूप माने गए है?

  • (अ) चार
  • (ब) तीन
  • (स) पाँच
  • (द) एक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) चार

90. सात्त्विक अनुभाव कितने प्रकार के माने गए है?

  • (अ) दस
  • (ब) दो
  • (स) आठ
  • (द) तीन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) आठ

91. अस्थिर मनोविकार अथवा चित्तवृत्तियाँ क्या कहलाती है?

  • (अ) अनुभाव
  • (ब) संचारी भाव
  • (स) स्थायी
  • (द) काव्य हेतु
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) संचारी भाव

92. व्यभिचारी भावों की संख्या सामान्यतः कितनी मानी गई है?

  • (अ) तैंतीस
  • (ब) पचास
  • (स) दस
  • (द) पाँच
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) तैंतीस

93. रस का भोक्ता वास्तविक रामादि एवं नट को किसने माना?

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) भट्टलोल्लट
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) श्री शंकुक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भट्टलोल्लट

94. रसनिष्पत्ति के संदर्भ में किस आचार्य के सिद्धांत को आरोपवाद की संज्ञा दी गई?

  • (अ) श्री शंकुक
  • (ब) भट्टलोल्लट
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) भट्टनायक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भट्टलोल्लट

95. किस आचार्य के सिद्धांत को रसनिष्पत्ति के संदर्भ में अनुमानवाद की संज्ञा दी गई?

  • (अ) श्री शंकुक
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) भट्टलोल्लट
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) श्री शंकुक

96. किस आचार्य का सिद्धांत चित्र-तुरंग-न्याय पर आधारित था?

  • (अ) भट्टलोल्लट
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) शंकुक
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) शंकुक

97. किस आचार्य को साधारणीकरण का प्रवर्तक माना जाता है?

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) श्री शंकुक
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) भट्टलोल्लट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भट्टनायक

98. अभिधा, भावकत्व और भोग, काव्य के तीन व्यापार किस आचार्य ने माने?

  • (अ) भट्टलोल्लट
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) शंकुक
  • (द) भट्टनायक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) भट्टनायक

99. ’अभिव्यक्तिवाद’ किस आचार्य का सिद्धांत है?

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) भट्टलोल्लट
  • (द) शंकुक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अभिनवगुप्त

100. भट्टनायक का भोजकत्व व्यापार अभिनवगुप्त के मन में किस नाम से अभिहित हुआ है?

  • (अ) रसाभिव्यक्ति
  • (ब) भावाभिव्यक्ति
  • (स) भावकत्व
  • (द) आरोपवाद
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) रसाभिव्यक्ति

101. भरत-सूत्र के अंतिम व्याख्याता है?

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) शंकुक
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) भट्टलोल्लट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) अभिनवगुप्त

102. न्याय सिद्धांत के आधार पर रसनिष्पत्ति की व्याख्या करने वाले व्याख्याकार थे?

  • (अ) अभिनवगुप्त
  • (ब) शंकुक
  • (स) रामचंद्र शुक्ल
  • (द) भट्टनायक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) शंकुक

103. सांख्य दर्शन के आधार पर रसनिष्पत्ति की व्याख्या करने वाले व्याख्याकार कौन है?

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) डाॅ. नगेन्द्र
  • (स) शंकुक
  • (द) भट्टलोल्लट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भट्टनायक

104. वेदांतानुसार रसनिष्पत्ति की व्याख्या करने वाले व्याख्याकार कौन है?

  • (अ) शंकुक
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) भट्टलोल्लट
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अभिनवगुप्त

भाग 2

105. ’साधारणीकरण विभावादि का होता है, यह भावकत्व का परिणाम है’ यह किस व्याख्याकार का कथन है?

  • (अ) भट्टलोल्लट
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) रामचंद्र शुक्ल
  • (द) डाॅ. नगेन्द्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भट्टनायक

106. आलंबन का साधारणीकरण मानने वाले व्याख्याकार कौन है?

  • (अ) रामचंद्र शुक्ल
  • (ब) डाॅ. नगेन्द्र
  • (स) केशवप्रसाद मिश्र
  • (द) अज्ञेय
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) रामचंद्र शुक्ल

107. कवि-भावना का साधारणीकरण मानने वाले व्याख्याकार कौन है?

  • (अ) डाॅ. नगेंद्र
  • (ब) रामचंद्र शुक्ल
  • (स) केशवप्रसाद मिश्र
  • (द) दिनकर
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) रामचंद्र शुक्ल

108. सहृदय की चेतना का साधारणीकरण मानने वाले व्याख्याकार कौन है?

  • (अ) केशवप्रसाद मिश्र
  • (ब) रामविलास शर्मा
  • (स) डाॅ. नगेन्द्र
  • (द) हजारी प्रसाद द्विवेदी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) डाॅ. नगेन्द्र
➕ अगले 21 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 109–129)

109. काव्यशास्त्र में ’आत्मा’ शब्द का सर्वप्रथम प्रयोग किया?

  • (अ) दण्डी
  • (ब) वामन
  • (स) रुद्रट
  • (द) कुंतक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) वामन

110. काव्य के अंतरंग पर बल देने वाला संप्रदाय है?

  • (अ) ध्वनि
  • (ब) रीति
  • (स) वक्रोक्ति
  • (द) सभी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) ध्वनि

111. स्थायी भाव को उद्घोषित करने वाले कारण कहलाते है?

  • (अ) अनुभाव
  • (ब) रस
  • (स) विभाव
  • (द) संचारी भाव
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) विभाव

112. साधारणीकरण की व्याख्या के अंतर्गत कवि-कर्म या कवि-अनुभूति की ओर इंगित किया?

  • (अ) विश्वनाथ
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) भट्टलोल्लट
  • (द) धनंजय
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) धनंजय

113. भावक या पाठक का साधारणीकरण माना?

  • (अ) रामचंद्र शुक्ल
  • (ब) श्यामसुंदर दास
  • (स) डाॅ. नगेन्द्र
  • (द) केशवप्रसाद मिश्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) डाॅ. नगेन्द्र

114. नायक-नायिका-भेद निरूपक ग्रंथ ’उज्ज्वलनीलमणि’ के रचनाकार कौन है?

  • (अ) रूपगोस्वामी
  • (ब) मम्मट
  • (स) भानुमिश्र
  • (द) भामह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) रूपगोस्वामी

115. शील के आधार पर नायक के कितने भेद माने गए है?

  • (अ) दो
  • (ब) चार
  • (स) पाँच
  • (द) दस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) चार

116. रसनिष्पत्ति में ब्रह्म-सहोदर की व्याख्या की?

  • (अ) भट्टलोल्लट
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) शंकुक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भट्टनायक

117. रसनिष्पत्ति में प्रेक्षक की अनुभूति की उपेक्षा करने वाले व्याख्याकार कौन है?

  • (अ) शंकुक
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) भट्टनायक
  • (द) भट्टलोल्लट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) भट्टलोल्लट

118. रसनिष्पत्ति के अंतर्गत रस को मूल पात्र में किसने किया?

  • (अ) शंकुक
  • (ब) भट्टलोल्लट
  • (स) भट्टनायक
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अभिनवगुप्त

119. ’’मैं कण-कण में घोल रहि अलि आँसू के मिस प्यार किसी का… इसमें कौन-सा गुण है?

  • (अ) ओज
  • (ब) माधुर्य
  • (स) प्रसाद
  • (द) शृंगार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) माधुर्य

120. मधुराका मुसक्याती थी, पहले जब देखा तुमको… इसमें कौन-सी रीति है?

  • (अ) वैदर्भी
  • (ब) लाटी
  • (स) पांचाली
  • (द) गौङी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) पांचाली

121. शरद इंदिरा के मंदिर की मानो कोई गैल रही… इसमें कौन-सा दोष है?

  • (अ) ग्राम्यत्व
  • (ब) अप्रतीतत्व
  • (स) अक्रमत्व
  • (द) च्युत संस्कृति
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) ग्राम्यत्व

122. नील परिधान बीच सुकुमार, खुल रहा मृदुल अधखुला अंग… इसमें कौन-सा अलंकार है?

  • (अ) रूपक, उपमा
  • (ब) उत्प्रेक्षा, रूपक
  • (स) उपमा, मानवीकरण
  • (द) मानवीकरण, उत्प्रेक्षा
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) उत्प्रेक्षा, रूपक

123. जय-जय जय गिरिराज किशोरी, जय महेश मुख चंद्र चकोरी… इसमें कौन-सा अलंकार है?

  • (अ) यमक
  • (ब) उपमा
  • (स) रूपक
  • (द) उत्प्रेक्षा
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) रूपक

124. वे बाह्य विकार जो सहृदय में भावों को जाग्रत करते हैं, क्या कहलाते हैं?

  • (अ) विभाव
  • (ब) अनुभाव
  • (स) संचारी भाव
  • (द) स्थायीभाव
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) विभाव

125. जिनके द्वारा आलंबन के मन में जाग्रत होने वाले स्थायीभाव की जानकारी होती है, उन्हें क्या कहते हैं?

  • (अ) संचारीभाव
  • (ब) अनुभाव
  • (स) उद्दीपन
  • (द) आलंबन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अनुभाव

126. शोक विकल सब रोवहिं रानी… इसमें कौन-सा रस है?

  • (अ) शान्त रस
  • (ब) भक्ति रस
  • (स) करुण रस
  • (द) वीर रस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) करुण रस

127. ’विभावानुभावव्यभिचारी संयोगाद्रस निष्पत्ति’ नामक रस सूत्र की रचना किसने की है?

  • (अ) भरतमुनि
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) रुद्रट
  • (द) विश्वनाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भरतमुनि

128. रससूत्र के व्याख्याकारों का सही अनुक्रम क्या है?

  • (अ) भट्टनायक, भट्टलोल्लट, शंकुक, अभिनवगुप्त
  • (ब) भट्टलोल्लट, शंकुक, अभिनवगुप्त, भट्टनायक
  • (स) भट्टलोल्लट, शंकुक, भट्टनायक, अभिनवगुप्त
  • (द) शंकुक, भट्टलोल्लट, भट्टनायक, अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भट्टलोल्लट, शंकुक, भट्टनायक, अभिनवगुप्त

129. क (स्थापना): काव्य का आनंद लोकोत्तर और अनिर्वचयनीय होता है। ख (तर्क): क्योंकि रस को ब्रह्मानंद का समानार्थी कहा गया है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) क और ख दोनों सही

भाग 3

130. भरतमुनि के रस सूत्र के व्याख्यता भट्टनायक के सिद्धांत का क्या नाम है?

  • (अ) अनुमितिवाद
  • (ब) उत्पत्तिवाद
  • (स) भुक्तिवाद / भक्तिवाद
  • (द) अभिव्यक्तिवाद
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भुक्तिवाद / भक्तिवाद

131. क (स्थापना): प्रतिभा के विस्फोट के लिए रसावेश की आवश्यकता है। ख (तर्क): राजशेखर ने रचनात्मक प्रतिभा को कवयित्री प्रतिभा कहा है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क सही, ख गलत

132. क (स्थापना): रस का निर्णायक सहृदय है। ख (तर्क): क्योंकि सहृदय रस का समीक्षक होता है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क सही, ख गलत

133. क (स्थापना): जिस प्रकार आत्मा की मुक्तावस्था ज्ञानदशा है, वैसे ही हृदय की मुक्तावस्था रसदशा है… कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क सही, ख गलत
➕ अगले 20 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 134–153)

134. भट्टलोल्लट ने रससूत्र की व्याख्या में ’निष्पत्ति’ का अर्थ निर्धारित किया है –

  • (अ) उत्पत्ति
  • (ब) अनुमिति
  • (स) भुक्ति
  • (द) अभिव्यक्ति
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) उत्पत्ति

135. ’चित्र तुरंग न्याय’ संज्ञा वाली रससूत्र-व्याख्या है –

  • (अ) साधारणीकरण
  • (ब) आरोपवाद
  • (स) अनुमितिवाद
  • (द) अभिव्यक्तिवाद
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) अनुमितिवाद

136. रस-सूत्र की कौनसी व्याख्या में साधारणीकरण की कल्पना की गई –

  • (अ) उत्पत्तिवाद
  • (ब) अभिव्यक्तिवाद
  • (स) अनुमितिवाद
  • (द) भुक्तिवाद
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) भुक्तिवाद

137. ’साधारणीकरण आलम्बनत्व धर्म का होता है।’ कथन के प्रवक्ता हैं –

  • (अ) श्यामसुन्दर दास
  • (ब) आचार्य रामचंद्र शुक्ल
  • (स) नन्द दुलारे वाजपेयी
  • (द) डाॅ. नगेन्द्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) आचार्य रामचंद्र शुक्ल

138. सर्वप्रथम रससूत्र की व्याख्या करने वाले आचार्य थे-

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) भट्टलोल्लट
  • (स) आचार्य शंकुक
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भट्टलोल्लट

139. साधारणीकरण के संदर्भ में भट्टनायक का असत्य कथन है –

  • (अ) साधारणीकरण विभावादि का होता है
  • (ब) यह भावकत्व व्यापार का प्राण है।
  • (स) साधारणीकरण रस से पूर्व की प्रक्रिया है।
  • (द) साधारणीकरण विभावादि का नहीं होता है।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) साधारणीकरण विभावादि का नहीं होता है।

140. कवि की अनुभूति का साधारणीकरण होता है। यह मत है –

  • (अ) श्यामसुंदर दास
  • (ब) रामचन्द्र शुक्ल
  • (स) नगेन्द्र
  • (द) जगन्नाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) नगेन्द्र

141. किसके अनुसार नाटकीय प्रपंच, नाटककार, प्रेक्षक सभी का साधारणीकरण होता है ?

  • (अ) बाबू गुलाब राय
  • (ब) नगेन्द्र
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) भट्टनायक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) बाबू गुलाब राय

142. साधारणीकरण का सर्वप्रथम प्रयोग किया –

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) अभिनवगुप्त
  • (स) शंकुक
  • (द) विश्वनाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भट्टनायक

143. ’साधारणीकरण में कवि कल्पित समस्त क्रिया व्यापारों का साधारणीकरण होता है –

  • (अ) आचार्य नन्ददुलारे वाजपेयी
  • (ब) नगेन्द्र
  • (स) रामचन्द्र शुक्ल
  • (द) विश्वनाथ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आचार्य नन्ददुलारे वाजपेयी

144. निम्न में से सही का चयन करें –

  • (अ) भट्टलोल्लट – न्याय
  • (ब) शंकुक – सांख्य
  • (स) भट्टनायक – मीमांसा
  • (द) अभिनवगुप्त – वेदांत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अभिनवगुप्त – वेदांत

145. निम्न में से गलत का चयन करें –

  • (अ) उत्पत्तिवाद उत्पाद्य-उत्पादक संबंध
  • (ब) अनुमितिवाद अनुमाप्य-अनुमापक संबंध
  • (स) भोगवाद उत्पाद्य-उत्पादक संबंध
  • (द) अभिव्यक्ति व्यंग्य-व्यंजक संबंध
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) भोगवाद उत्पाद्य-उत्पादक संबंध

146. साधारणीकरण की व्याख्या करने में ’मधुमती की भूमिका’ की परिकल्पना प्रस्तुत की –

  • (अ) रामचन्द्र शुक्ल
  • (ब) विश्वनाथ
  • (स) श्यामसुंदर दास
  • (द) नगेन्द्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) श्यामसुंदर दास

147. भट्टनायक ने रस-प्रक्रिया की अवस्थाएँ मानी –

  • (अ) दो
  • (ब) तीन
  • (स) चार
  • (द) छः
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) तीन

148. अनुमित्तिवाद सिद्धान्त के प्रवर्तक है –

  • (अ) भट्टनायक
  • (ब) शंकुक
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) भट्टलोल्लट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) शंकुक

149. रस-निष्पत्ति सिद्धान्तों का सही क्रम है –

  • (अ) उत्पत्तिवाद-अनुमितिवाद-भोगवाद-अभिव्यक्तिवाद
  • (ब) अनुमितिवाद-भोगवाद-उत्पत्तिवाद-अभिव्यक्तिवाद
  • (स) भोगवाद-अनुमितिवाद-अभिव्यक्तिवाद-उत्पत्तिवाद
  • (द) अभिव्यक्तिवाद-उत्पत्तिवाद-भोगवाद-अनुमितिवाद
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) उत्पत्तिवाद-अनुमितिवाद-भोगवाद-अभिव्यक्तिवाद

150. किस आचार्य ने रस-सूत्र के व्याख्या के संदर्भ में काव्य की तीन शक्तियों की कल्पना की ?

  • (अ) शंकुक
  • (ब) भट्टनायक
  • (स) मम्मट
  • (द) अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) भट्टनायक

151. ’रस सिद्धान्त’ नामक ग्रंथ के लेखक है –

  • (अ) नगेन्द्र
  • (ब) आचार्य रामचन्द्र शुक्ल
  • (स) रामविलास शर्मा
  • (द) नामवर सिंह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) नगेन्द्र

152. रस-विवेचन में ’चित्र तुरंगन्याय’ की कल्पना किसने की ?

  • (अ) अभिनवगुप्त
  • (ब) भामह
  • (स) शंकुक
  • (द) भट्टलोल्लट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) शंकुक

153. रस-विवेचन के संदर्भ में किस विद्वान ने ’निष्पत्ति का अर्थ ’उपचिति’ किया ?

  • (अ) भट्टलोल्लट
  • (ब) शंकुक
  • (स) अभिनवगुप्त
  • (द) भामह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) भट्टलोल्लट

पाश्चात्य काव्यशास्त्र (1): प्लेटो, अरस्तू और लोंजाइनस (59 प्रश्न)

भाग 1

154. गणराज्य किस विद्वान की कृति है?

  • (अ) प्लेटो
  • (ब) अरस्तु
  • (स) लोंगिनुस
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) प्लेटो

155. किस विद्वान् ने काव्य की भर्त्सना करते हुए उसे समाज से बहिष्कृत करने का दर्शन दिया?

  • (अ) जाॅन ड्राइडन
  • (ब) अरस्तू
  • (स) लोंगिनुस
  • (द) प्लेटो
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) प्लेटो

156. ’काव्य में उदात्त तत्त्व’ (पेरिइप्सुम) का सिद्धांत किस पाश्चात्य आचार्य का है?

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) सैन्त ब्यव
  • (स) अरस्तू
  • (द) लोंगिनुस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) लोंगिनुस
➕ अगले 17 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 157–173)

157. साहित्य का उद्देश्य ’विरेचन’ किस विद्वान् ने माना?

  • (अ) अरस्तू
  • (ब) काॅलरिज
  • (स) जाॅन ड्राइडन
  • (द) एडलर
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) अरस्तू

158. पेरी पोइतिकेस (काव्यशास्त्र) किसकी रचना है?

  • (अ) एडलर
  • (ब) अरस्तू
  • (स) प्लेटो
  • (द) लोंगिनुस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अरस्तू

159. अरस्तू ने नाटक (त्रासदी) के कितने तत्त्व माने है?

  • (अ) सात
  • (ब) तीन
  • (स) छह
  • (द) पाँच
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) छह

160. किस विद्वान् ने त्रासदी का सर्वप्रथम गंभीर और सर्वांगीण विवेचन किया?

  • (अ) प्लेटो
  • (ब) अरस्तू
  • (स) एडलर
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अरस्तू

161. कल्पना के लिए ’फैन्सी’ शब्द का प्रयोग किसने किया?

  • (अ) होरेस
  • (ब) प्लेटो
  • (स) जाॅन ड्राइडन
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) काॅलरिज

162. किस आलोचक के काव्यालोचन-सिद्धांत अंग्रेजी स्वच्छंदतावाद का घोषणापत्र समझे जाते है?

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) अरस्तू
  • (स) प्लेटो
  • (द) वर्ड्सवर्थ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) वर्ड्सवर्थ

163. ’लिरिकल बैल्ड्स’ किसका काव्य-संग्रह है?

  • (अ) वर्ड्सवर्थ
  • (ब) दान्ते
  • (स) लोंगिनुस
  • (द) शेक्सपियर
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) वर्ड्सवर्थ

164. कल्पना के दो प्रकार ’प्राथमिक कल्पना’ और ’विशिष्ट (गौण) कल्पना’ किसने माने?

  • (अ) इलियट
  • (ब) काॅलरिज
  • (स) प्लेटो
  • (द) अरस्तू
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) काॅलरिज

165. ’दि वेस्ट लैण्ड’ प्रसिद्ध कविता किस लेखक की है?

  • (अ) इलियट
  • (ब) वर्ड्सवर्थ
  • (स) काॅलरिज
  • (द) जाॅन ड्राइडन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) इलियट

166. ’परंपरा का सिद्धांत’ तथा ’कला और निर्वैयक्तिकता का सिद्धांत’ किस आलोचक ने दिया?

  • (अ) होरेस
  • (ब) इलियट
  • (स) लोंगिनुस
  • (द) वर्ड्सवर्थ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) इलियट

167. विसंगत अनुक्रम छाँटिए –

  • (अ) शृंगार तिलक – रुद्रभट्ट
  • (ब) उज्ज्वलनीलमणि – रूपगोस्वामी
  • (स) काव्यादर्श – दण्डी
  • (द) कुवलयानंद – अभिनवगुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) कुवलयानंद – अभिनवगुप्त

168. अरस्तु का काव्यालोचन ग्रंथ है –

  • (अ) पेरिइप्सुम
  • (ब) पेरिपोइतिकेस
  • (स) प्रोलितेरियस
  • (द) बायोग्राफिया लिटरेरिया
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) पेरिपोइतिकेस

169. प्लेटो का समय माना जाता है –

  • (अ) 427 ई.पू. से 347 ई.पू. तक
  • (ब) 327 ई.पू. से 287 ई.पू. तक
  • (स) 327 ई.पू. से 275 ई.पू. तक
  • (द) 427 ई.पू. से 375 ई.पू. तक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) 427 ई.पू. से 347 ई.पू. तक

170. प्लेटो के संपूर्ण चिंतन का मुख्य उद्देश्य है –

  • (अ) आदर्श राज्य-निर्माण
  • (ब) आदर्श कवि-निर्माण
  • (स) आदर्श अनुकरण निर्माण
  • (द) आदर्श काव्य-निर्माण
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आदर्श राज्य-निर्माण

171. प्लेटो की रचना नहीं है?

  • (अ) इओन
  • (ब) रिपब्लिक
  • (स) पोलितेइया
  • (द) पेरिपोइतिकेस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) पेरिपोइतिकेस

172. प्लेटो के गुरु कौन थे?

  • (अ) अरस्तु
  • (ब) सुकरात
  • (स) होरेस
  • (द) डार्विन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) सुकरात

173. अरस्तु का जन्म स्थान कौनसा है –

  • (अ) एथेन्स
  • (ब) स्तगिरा नगर
  • (स) खलकिस नगर
  • (द) पालमीरा में
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) स्तगिरा नगर

भाग 2

174. अरस्तु का जन्म और मृत्यु समय है –

  • (अ) 384 ई.पू. तथा 322 ई.पू.
  • (ब) 347 ई.पू. तथा 280 ई.पू.
  • (स) 375 ई.पू. तथा 300 ई.पू.
  • (द) 425 ई.पू. तथा 340 ई.पू
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) 384 ई.पू. तथा 322 ई.पू.

175. ’अनुकरण सत्य से तिगुना दूर है’ माना है –

  • (अ) प्लेटो
  • (ब) अरस्तू
  • (स) सुकरात
  • (द) लोंगिनुस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) प्लेटो

176. सही अनुक्रम रेखांकित कीजिए –

  • (अ) अप्पय दीक्षित, जगन्नाथ, रुय्यक, आ. विश्वेश्वर
  • (ब) अप्पय दीक्षित, जगन्नाथ, आ. विश्वेश्वर, रुय्यक
  • (स) अप्पय दीक्षित, आ. विश्वेश्वर, जगन्नाथ, रुय्यक
  • (द) जगन्नाथ, आ. विश्वेश्वर, रुय्यक, अप्पय दीक्षित
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) अप्पय दीक्षित, आ. विश्वेश्वर, जगन्नाथ, रुय्यक
➕ अगले 17 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 177–193)

177. ’काव्य को प्रकृति की अनुकृति’ माना है –

  • (अ) प्लेटो
  • (ब) अरस्तु
  • (स) इलियट
  • (द) रिचर्ड्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अरस्तु

178. ’कविता प्रबल मनोवेगांे का सहज उच्छलन है’ मानते है –

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) रिचर्ड्स
  • (स) इलियट
  • (द) वर्ड्सवर्थ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) वर्ड्सवर्थ

179. अरस्तु ने ’त्रासदी’ के कितने अंग माने है?

  • (अ) आठ
  • (ब) बारह
  • (स) छह
  • (द) चार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) छह

180. ’बायोग्राफिया लिटरेरिया’ के रचनाकार है?

  • (अ) वर्ड्सवर्थ
  • (ब) इलियट
  • (स) काॅलरिज
  • (द) रिचर्ड्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) काॅलरिज

181. ’कैथार्सिस’ का अर्थ है –

  • (अ) अनुकरण
  • (ब) शुद्धिकरण
  • (स) आनंद
  • (द) निर्वैयक्तिकरण
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) शुद्धिकरण

182. लोंजाइनस ने कितने काव्य-दोष माने हैं –

  • (अ) तीन
  • (ब) चार
  • (स) पाँच
  • (द) छह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) तीन

183. अरस्तु के परवर्ती व्याख्याकारों ने ’विरेचन’ का अर्थ नहीं किया है –

  • (अ) धर्मपरक
  • (ब) नीतिपरक
  • (स) कलापरक
  • (द) अर्थपरक
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अर्थपरक

184. ’पेरिइप्सुस’ के रचयिता है –

  • (अ) क्रोचे
  • (ब) लोंजाइनस
  • (स) काॅलरिज
  • (द) रिचर्ड्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) लोंजाइनस

185. प्लेटो और अरस्तू के बाद तीसरा महत्त्वपूर्ण नाम पाश्चात्य काव्यशास्त्र में है –

  • (अ) इलियट
  • (ब) रिचर्ड्स
  • (स) क्रोचे
  • (द) लोंगिनुस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) लोंगिनुस

186. लोंजाइनस ने उदात्त के कितने स्त्रोत माने है?

  • (अ) चार
  • (ब) पाँच
  • (स) छह
  • (द) सात
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) पाँच

187. ’विरेचन सिद्धांत’ के प्रवर्तक कौन है –

  • (अ) इलियट
  • (ब) रिचर्ड्स
  • (स) अरस्तु
  • (द) गिलबर्ट मरे
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) अरस्तु

188. लोंजाइनस के अनुसार काव्य-दोष नहीं है –

  • (अ) वागाडम्बर
  • (ब) बालेयता
  • (स) भावाडम्बर
  • (द) अभिजात पद-रचना
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अभिजात पद-रचना

189. त्रासदी का अंग नहीं है –

  • (अ) चरित्र
  • (ब) कथानक
  • (स) मंगलाचरण
  • (द) विचार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) मंगलाचरण

190. ’लिरिकल बैलेड्स’ के रचनाकार कौन है?

  • (अ) इलियट
  • (ब) रिचर्ड्स
  • (स) वर्ड्सवर्थ
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) वर्ड्सवर्थ

191. अरस्तू के अनुकरण सिद्धांत के संदर्भ में कौन-सा कथन असत्य है?

  • (अ) अरस्तू ने काव्य को अनुकरण का अनुकरण बताया
  • (ब) अरस्तू ने कहा कि अनुकरण दृश्य वस्तु-जगत की स्थूल अनुकृति नहीं है।
  • (स) अरस्तू का मानना है कि कवि रचना में दृश्य ज्यों का त्यों प्रस्तुत नहीं करता।
  • (द) अरस्तू ने इसे पुनः सृजन या पुनर्निर्माण कहा।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) अरस्तू ने काव्य को अनुकरण का अनुकरण बताया

192. अरस्तू के अनुसार किसके द्वारा हमारे दूषित मनोविकारों का उचित रूप में विरेचन हो जाता है?

  • (अ) कला द्वारा
  • (ब) साहित्य द्वारा
  • (स) कला और साहित्य द्वारा
  • (द) साहित्य का त्याग करने से
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) कला और साहित्य द्वारा

193. प्लेटो के काव्य सिद्धांत की विशेषताएँ कौन-सी हैं? (क, ख, ग)

  • (अ) क, ख और घ
  • (ब) क, ख और ग
  • (स) ख, ग और घ
  • (द) क, ग और घ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क, ख और ग

भाग 3

194. अरस्तू के त्रासदी की विशेषताएँ हैं:

  • (अ) क और घ
  • (ब) ख और ग
  • (स) क, ख और ग
  • (द) क और ख
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) क और ख

195. अरस्तू के अनुकरण से सम्बन्धित धाराणाओं मे असत्य कथन है ?

  • (अ) कला प्रकृति की अनुकृति है
  • (ब) काव्य में वस्तु के तीन रूपों का अनुकरण होता है
  • (स) आनन्द की उपलब्धि आत्म प्रकाशन के बिना सम्भव नहीं होती है
  • (द) अनुकरण भावात्मक एवं कल्पनात्मक सृजन का पर्याय नहीं है, यथार्थ प्रत्यांकन है।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अनुकरण भावात्मक एवं कल्पनात्मक सृजन का पर्याय नहीं है, यथार्थ प्रत्यांकन है।

196. काव्य में अनुकृति की विधि के विषय में अरस्तू ने कितनी शैलियाँ बताई है ?

  • (अ) 1
  • (ब) 2
  • (स) 3
  • (द) 4
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) 3
➕ अगले 16 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 197–212)

197. अरस्तू के संदर्भ में निम्न में से कथन असत्य है ?

  • (अ) अरस्तू प्लेटो के गुरु थे
  • (ब) अरस्तू सिकंदर के गुरु थे
  • (स) अरस्तू ने लगभग चार सौ ग्रंथों की रचना की
  • (द) अरस्तू के प्रमुख ग्रंथ काव्यशास्त्र व भाषणशास्त्र नामक ग्रंथ है।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) अरस्तू प्लेटो के गुरु थे

198. अरस्तू के ग्रंथ ’पेरिपोइएतिकेस’ (काव्यशास्त्र) में अध्याय है ?

  • (अ) 26
  • (ब) 36
  • (स) 16
  • (द) 46
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) 26

199. अरस्तू कृत ग्रंथ ’काव्यशास्त्र’ में कौनसे अध्यायों को प्रक्षिप्त माना गया है ?

  • (अ) 6 से 19
  • (ब) 23 और 24
  • (स) 21 और 22
  • (द) 12 और 20
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) 12 और 20

200. प्लेटो के अनुसार कला जगत अनुकरण का अनुकरण होने से सत्य से कितनी दूर है ?

  • (अ) दौ गुना
  • (ब) तीन गुना
  • (स) चार गुना
  • (द) पाँच गुना
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) दौ गुना

201. अरस्तू का समय काल माना जाता है ?

  • (अ) 382-322 ई. पू.
  • (ब) 384-322 ई.पू.
  • (स) 384-332 ई.पू.
  • (द) 394-322 ई.पू.
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) 384-322 ई.पू.

202. अरस्तू का कौनसा ग्रंथ भाषण कला से सम्बन्धित है?

  • (अ) पेरिपोइएतिकेस
  • (ब) तेखनेस रितोरिकेस
  • (स) वसीयतनामा
  • (द) काव्यशास्त्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) तेखनेस रितोरिकेस

203. अरस्तू के काव्यशास्त्र ग्रंथ में यूनानी शब्द ’मिमेसिस’ का अर्थ है ?

  • (अ) अभिज्ञान
  • (ब) विरेचन
  • (स) कार्य व्यापार
  • (द) अनुकरण
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अनुकरण

204. अरस्तू की काव्य-समीक्षा का आधार था ?

  • (अ) दर्शन शास्त्र
  • (ब) काव्य शास्त्र
  • (स) उपयोगितावाद
  • (द) राजनीतिक आधार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) काव्य शास्त्र

205. ’अरस्तू ने काव्य को दार्शनिक, राजनीतिज्ञ तथा नीतिशास्त्र के अत्याचार से मुक्त किया।’ यह कथन है-

  • (अ) बूचर
  • (ब) पाॅटस
  • (स) एटकिन्स
  • (द) स्काॅट जेम्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) स्काॅट जेम्स

206. अनुकरण के किस रूप में कलाकार अपनी रुचि, इच्छा श्रेष्ठता के अनुरूप चित्र प्रस्तुत करता है ?

  • (अ) प्रतीयमान अनुकरण
  • (ब) संभाव्य अनुकरण
  • (स) आदर्श अनुकरण
  • (द) उपर्युक्त सभी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) आदर्श अनुकरण

207. अरस्तू के अनुसार काव्यात्मक अनुकरण जीवन के किस रूप से सम्बद्ध है ?

  • (अ) अंतरंग रूप
  • (ब) बहिरंग रूप
  • (स) मध्यरंग रूप
  • (द) अंतर्बाह्य रूप
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अंतर्बाह्य रूप

208. लोंजाइनस की रचना ’पेरिइप्सुस’ का अनुवाद इस नाम से हुआ –

  • (अ) on sublime
  • (ब) on the subline
  • (स) on the sublime
  • (द) on the line
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) on the sublime

209. लोंजाइनस के अनुसार उदात्त नहीं है –

  • (अ) उदात्त अभिव्यंजना का प्रकर्ष और वैशिष्ट्य है।
  • (ब) उदात्त में अभिव्यक्ति की उच्चता श्रोता के तर्क का समाधान नहीं करती बल्कि उसे पूर्णतः सम्मोहित कर लेती है।
  • (स) उदात्त का कार्य अनुनयन है, सम्मोहन नहीं है, जो यदा-कदा नहीं बल्कि सदा सबको संपूर्णता में सम्मोहित करता है।
  • (द) उदात्त सर्जनात्मक या रचनात्मक कौशल से भिन्न तत्त्व है, जिसका प्रभाव आकस्मिक बिजली की कौंध के समान होता है, जिसके अलौकिक आलोक से कथ्य चमत्कृत हो उठता है।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) उदात्त का कार्य अनुनयन है, सम्मोहन नहीं है, जो यदा-कदा नहीं बल्कि सदा सबको संपूर्णता में सम्मोहित करता है।

210. लोंजाइनस ने निम्न में से कौनसा उदात्त में बाधक तत्त्व नहीं माना है ?

  • (अ) बालेयता
  • (ब) वागाडम्बर
  • (स) भावाडंबर
  • (द) गरिमामय रचना-विधान
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) गरिमामय रचना-विधान

211. ’’मैं यह बात पूरे विश्वास के साथ कह सकता हूँ कि जो आवेग, उन्माद, उत्साह के साथ फूट पङता है और एक प्रकार से वक्ता के शब्दों को विक्षेप से परिपूर्ण कर देता है……….. वह अन्यत्र दुर्लभ है।’’ उद्धरण के लेखक हैं –

  • (अ) अरस्तू
  • (ब) डाॅ. नगेन्द्र
  • (स) लोंजाइनस
  • (द) मुंशी प्रेमचन्द
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) लोंजाइनस

212. औदात्य का मूल आधार है –

  • (अ) अभ्यास
  • (ब) प्रतिभा
  • (स) व्युत्पत्ति
  • (द) शैली
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) प्रतिभा

पाश्चात्य काव्यशास्त्र (2): रोमांटिक, आधुनिक सिद्धांत और नई समीक्षा (67 प्रश्न)

भाग 1

213. ’कल्पना मानव-मस्तिष्क की बिंब-विधायिनी शक्ति है’ मानते है –

  • (अ) वर्ड्सवर्थ
  • (ब) काॅलरिज
  • (स) क्रोचे
  • (द) इलियट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) काॅलरिज

214. ’चित्रकार अथवा किसी भी अन्य कलाकार की ही तरह कवि भी अनुकर्ता है’ कथन है –

  • (अ) प्लेटो
  • (ब) अरस्तु
  • (स) सुकरात
  • (द) इलियट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) अरस्तु

215. ’आम आदमी की भाषा’ अथवा ’ग्रामीण भाषा’ के पक्षधर थे –

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) वर्ड्सवर्थ
  • (स) क्रोचे
  • (द) अरस्तु
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) वर्ड्सवर्थ
➕ अगले 20 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 216–235)

216. कविता को भावों का सहज उच्छलन नहीं माना –

  • (अ) वर्ड्सवर्थ
  • (ब) काॅलरिज
  • (स) रिचर्ड्स
  • (द) इलियट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) इलियट

217. मूलतः दार्शनिक और सौंदर्यशास्त्री है –

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) क्रोचे
  • (स) रिचर्ड्स
  • (द) मैथ्यू आर्नल्ड
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क्रोचे

218. ’परंपरा और व्यक्ति-प्रज्ञा’ निबंध के लेखक है –

  • (अ) आई.ए. रिचर्ड्स
  • (ब) बेनेदितो क्रोचे
  • (स) इलियट
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) इलियट

219. ’अभिव्यंजना सिद्धांत’ के प्रवर्तक है –

  • (अ) क्रोचे
  • (ब) काॅलरिज
  • (स) मैथ्यू अर्नाल्ड
  • (द) वर्ड्सवर्थ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) क्रोचे

220. ’कविता कवि-व्यक्तित्व की अभिव्यक्ति नहीं, व्यक्तित्व से पलायन है’ कथन है –

  • (अ) इलियट
  • (ब) रिचर्ड्स
  • (स) ड्राइडन
  • (द) वर्ड्सवर्थ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) इलियट

221. क्रोचे के ’अभिव्यंजना सिद्धांत’ को किस भारतीय आचार्य के सिद्धांत से जोड़ा जाता है –

  • (अ) वामन
  • (ब) कुंतक
  • (स) क्षेमेन्द्र
  • (द) मम्मट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) कुंतक

222. ’द काॅकटेल पार्टी’ काव्य के लेखक है –

  • (अ) ड्राइडन
  • (ब) रिचर्ड्स
  • (स) वर्ड्सवर्थ
  • (द) इलियट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) इलियट

223. टी.एस. इलियट मूलतः थे –

  • (अ) जर्मनी
  • (ब) रूसी
  • (स) फ्रांसीसी
  • (द) अमरीकी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अमरीकी

224. ’नयी समीक्षा’ के जनक माने जाते है –

  • (अ) टी.एस. इलियट
  • (ब) वर्ड्सवर्थ
  • (स) बेनेदितो क्रोचे
  • (द) रिचर्ड्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) टी.एस. इलियट

225. ’एस्थेटिक’ पुस्तक के रचयिता है –

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) क्रोचे
  • (स) रिचर्ड्स
  • (द) इलियट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क्रोचे

226. ’द वेस्ट लैंड’ के रचयिता है –

  • (अ) इलियट
  • (ब) ड्राइडन
  • (स) रिचर्ड्स
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) इलियट

227. अभिव्यंजनावाद को भारतीय वक्रोक्तिवाद का विलायती उत्थान माना है –

  • (अ) श्यामसुंदर दास
  • (ब) रामचंद्र शुक्ल
  • (स) हजारीप्रसाद द्विवेदी
  • (द) लक्ष्मीनारायण सुधांशु
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) रामचंद्र शुक्ल

228. ’द सेक्रैट वुड’ के रचयिता है –

  • (अ) इलियट
  • (ब) वर्ड्सवर्थ
  • (स) रिचर्ड्स
  • (द) ड्राइडन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) इलियट

229. सहजानुभूति-अभिव्यंजना को आंतरिक प्रक्रिया मानते है –

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) बेनेदितो क्रोचे
  • (स) वर्ड्सवर्थ
  • (द) रिचर्ड्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) बेनेदितो क्रोचे

230. ’काव्य जीवन की आलोचना है’ ऐसा मानते है –

  • (अ) मैथ्यू अर्नाल्ड
  • (ब) रिचर्ड्स
  • (स) इलियट
  • (द) अरस्तु
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) मैथ्यू अर्नाल्ड

231. ’नयी समीक्षा’ के समीक्षक है –

  • (अ) एक तथा तीन
  • (ब) दो तथा तीन
  • (स) दो, तीन तथा चार
  • (द) सभी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) सभी

232. मनोवैज्ञानिक आलोचक है –

  • (अ) आई.ए. रिचर्ड्स
  • (ब) मैथ्यू अर्नाल्ड
  • (स) बेनेदितो क्रोचे
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आई.ए. रिचर्ड्स

233. ’मलार्मे औरे वैलेरी’ मूलतः है –

  • (अ) प्रतीकवादी
  • (ब) बिंबवादी
  • (स) स्वच्छंतावादी
  • (द) मार्क्सवादी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) प्रतीकवादी

234. स्वच्छंदतावाद की विशेषता नहीं है –

  • (अ) विद्रोह की प्रवृत्ति
  • (ब) कल्पना का प्राधान्य
  • (स) व्यक्तिवाद
  • (द) यथार्थवादिता
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) यथार्थवादिता

235. कौन मार्क्सवादी आलोचक नहीं है –

  • (अ) माओत्से तुंग
  • (ब) जार्ज लुकाच
  • (स) जाॅन ड्राइडन
  • (द) काडवेल
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) जाॅन ड्राइडन

भाग 2

236. मार्क्सवादी आलोचक नहीं है –

  • (अ) प्लेखानोव
  • (ब) क्रिस्टोफर काॅडवेल
  • (स) राल्फ फाॅक्स
  • (द) वर्ड्सवर्थ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) वर्ड्सवर्थ

237. ’प्रिंसिपल्ज ऑफ लिटरेरी क्रिटिसिज्म’ के रचनाकार है –

  • (अ) आई.ए. रिचर्ड्स
  • (ब) जाॅन ड्राइडन
  • (स) मैथ्यू अर्नाल्ड
  • (द) काॅलरिज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) आई.ए. रिचर्ड्स

238. स्वच्छंदतावादी कवि नहीं है –

  • (अ) काॅलरिज
  • (ब) शैली
  • (स) कीट्स
  • (द) जार्ज लूकाच
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) जार्ज लूकाच
➕ अगले 20 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 239–258)

239. ’मूल्य सिद्धांत’ के प्रवर्तक कौन है?

  • (अ) ड्राइडन
  • (ब) इलियट
  • (स) रिचर्ड्स
  • (द) वर्ड्सवर्थ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) रिचर्ड्स

240. अस्तित्ववादी नहीं है –

  • (अ) मलार्मे
  • (ब) यास्पर्श
  • (स) पाॅल टिलिश
  • (द) सात्र्र
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) मलार्मे

241. निम्न में कौन बिंबवादी लेखक नहीं है –

  • (अ) टी.ई. ह्यूम
  • (ब) एजरा पाउंड
  • (स) आलइगंटन
  • (द) राॅबर्ट पेन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) राॅबर्ट पेन

242. प्रतीकवादी रचनाकार नहीं है –

  • (अ) बोदलेयर
  • (ब) वर्ले
  • (स) रैम्बो
  • (द) एफ.आर. लीविस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) एफ.आर. लीविस

243. वस्तुनिष्ठ समीकरण का सिद्धांत है –

  • (अ) आई.ए. रिचर्ड्स
  • (ब) टी.एस. इलियट
  • (स) मैथ्यू अर्नाल्ड
  • (द) जाॅन ड्राइडन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) टी.एस. इलियट

244. अस्तित्ववाद की विशेषता नहीं है –

  • (अ) अजनबीपन
  • (ब) एकांतिकता
  • (स) सामाजिकता
  • (द) विशृंखलता
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) सामाजिकता

245. ’नयी समीक्षा’ के समीक्षक नहीं है –

  • (अ) क्लींथ ब्रुक्स
  • (ब) डब्ल्यू. के. विमसाॅट
  • (स) जाॅन क्रो रैंमस
  • (द) कांट
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) कांट

246. ’निर्वैयक्तिकरण’ सिद्धांत है –

  • (अ) इलियट
  • (ब) काॅलरिज
  • (स) वर्ड्सवर्थ
  • (द) क्रोचे
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) इलियट

247. ’द न्यू क्रिटिसिज्म’ पुस्तक के लेखक है –

  • (अ) जान क्रो रेन्सम
  • (ब) राबर्ट पेन वारेन
  • (स) क्लींथ ब्रुक्स
  • (द) रिचर्ड्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) जान क्रो रेन्सम

248. ’उत्तर संरचनावाद’ का जन्म हुआ –

  • (अ) फ्रांस
  • (ब) जर्मन
  • (स) रूस
  • (द) अमरीका
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) फ्रांस

249. ’एम्बिगुइटी’ नयी समीक्षा में इस शब्द के प्रवर्तक है –

  • (अ) एलन टेट
  • (ब) विलियम एम्पसन
  • (स) राबर्ट पेन वारेन
  • (द) जान क्रो रेन्सम
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) विलियम एम्पसन

250. उत्तर-आधुनिकतावादी चिंतक नहीं है –

  • (अ) फ्रांसुआ ल्योताट
  • (ब) फ्रेडरिक जेमेसन
  • (स) बौद्रिआ
  • (द) एफ.आर. लीविस
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) एफ.आर. लीविस

251. विलियम एम्पसन ने कितने प्रकार के ’अनेकार्थता या श्लेष’ माने है –

  • (अ) पाँच
  • (ब) छह
  • (स) सात
  • (द) नौ
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) सात

252. मिथकीय समीक्षा का सबसे समर्थ प्रवक्ता है –

  • (अ) नार्थप फ्राई
  • (ब) कैरिसर
  • (स) विको
  • (द) रिचार्ड चेज
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) नार्थप फ्राई

253. ’सार्वभौम मूर्तविधान’ नयी समीक्षा में इस शब्दावली के प्रयोगकर्ता है –

  • (अ) डब्ल्यू.के. विमसाट
  • (ब) विलियम एम्पसन
  • (स) जान क्रो रैम्सम
  • (द) राबर्ट पेन वारेन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) डब्ल्यू.के. विमसाट

254. ’अजनबीपन’ किस विचारधारा की विशेषता है –

  • (अ) स्वच्छंदतावाद
  • (ब) माक्र्सवाद
  • (स) यथार्थवाद
  • (द) अस्तित्ववाद
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) अस्तित्ववाद

255. ’मिथ’ शब्द कहाँ का है –

  • (अ) यूनानी
  • (ब) रोमानी
  • (स) चीनी
  • (द) जापानी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) यूनानी

256. ’अजनबीपन’ किसकी रचना में नहीं मिलता है –

  • (अ) काफ़्का
  • (ब) कामू
  • (स) सात्र्र
  • (द) कीट्स
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) कीट्स

257. कल्पना सिद्धांत के प्रवर्तक है –

  • (अ) आई.एस. रिचर्ड्स
  • (ब) बेनेदितो क्रोचे
  • (स) सेमुअल काॅलरिज
  • (द) जाॅन ड्राइडन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) सेमुअल काॅलरिज

258. ’सेवन टाइप्स ऑफ एम्बिगुइटी’ के रचनाकार है –

  • (अ) विमसाट
  • (ब) विलियम एम्पसन
  • (स) ब्लैकमर
  • (द) राबर्ट पेन वारेन
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) विलियम एम्पसन

भाग 3

259. ’’सर्वश्रेष्ठ क्रम में सर्वश्रेष्ठ शब्द काव्य है।’’ यह कथन किसका है?

  • (अ) हडसन
  • (ब) मैथ्यू आर्नल्ड
  • (स) कॉलरिज
  • (द) भामह
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) कॉलरिज

260. क (स्थापना): चेतना अनुभूति की सघनता और चिंतन की पराकाष्ठा है। ख (तर्क): क्योंकि अनुभूति और चिंतन का संबंध शुद्ध हृदय के संवेदन से है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क सही, ख गलत

261. क (कथन): साहित्य समाज के सामूहिक हृदय का विकास है। ख (कारण): समाज के विभिन्न धर्मावलंबियों की चित्तवृत्ति का इसमें अलग विकास होता है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) क सही, ख गलत
➕ अगले 18 प्रश्न देखने के लिए क्लिक करें (प्रश्न 262–279)

262. कॉलरिज के कल्पना संबंधी विचारों के संदर्भ में कौन-सा कथन असत्य है?

  • (अ) कल्पना शक्ति ही निराकार विचारों को रूपायित करती है।
  • (ब) कल्पना भाव और विचार के बीच सामंजस्य स्थापित करती है।
  • (स) कॉलरिज के अनुसार ऊहा (फैंटेसी) काव्यगत सार्थक बिम्बों की रचना करती है।
  • (द) कल्पना आत्मा की शक्ति है और सर्जनात्मक है।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) कॉलरिज के अनुसार ऊहा (फैंटेसी) काव्यगत सार्थक बिम्बों की रचना करती है।

263. विलियम वर्ड्सवर्थ का समय काल क्या था?

  • (अ) 1778-1880 ई.
  • (ब) 1930-1960 ई.
  • (स) 1670-1750 ई.
  • (द) 1770-1850 ई.
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) 1770-1850 ई.

264. इलियट के अनुसार किसके अंदर ही कवि की वैयक्तिक प्रज्ञा की सार्थकता स्वीकार्य होनी चाहिए?

  • (अ) परंपरा के अनुसार
  • (ब) निर्वैयक्तिकता के अनुसार
  • (स) वैयक्तिकता के अनुसार
  • (द) साहित्य के अनुसार
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) परंपरा के अनुसार

265. ’’काव्य का मूल्य मन को प्रभावित करने की क्षमता पर निर्भर करता है।’’ यह किस सिद्धांत में प्रतिपादित किया गया है?

  • (अ) मूल्य सिद्धांत
  • (ब) संप्रेषण सिद्धांत
  • (स) काव्यभाषा सिद्धांत
  • (द) इनमें से कोई नहीं
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) मूल्य सिद्धांत

266. रूपवाद के विषय में कौन-सा कथन सही है?

  • (अ) रूपवाद अंग्रेजी के फॉर्मलिज्म शब्द का हिंदी पर्याय है।
  • (ब) इसका उद्भव रूस में हुआ है।
  • (स) यह एक प्रकार का कलावादी आंदोलन है।
  • (द) उपर्युक्त सभी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) उपर्युक्त सभी

267. नई समीक्षा के योगदान पर प्रकाश डालने वाला ग्रंथ कौन-सा है?

  • (अ) पोइटिक्स
  • (ब) फॉर्मलिज्म
  • (स) द रिपब्लिक
  • (द) क्रिटिसिज्म इन अमेरिका
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) क्रिटिसिज्म इन अमेरिका

268. ’’बिम्ब, शब्दों से निर्मित आकृति है।’’ यह कथन किसका है?

  • (अ) सी. डी. लेविस
  • (ब) टी. एस. इलियट
  • (स) ह्यूम
  • (द) इनमें से कोई नहीं
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) सी. डी. लेविस

269. क (स्थापना): ब्रह्मराक्षस मुक्तिबोध की यथार्थवादी दृष्टि से प्रेरित कविता है। ख (तर्क): इसमें सुंदर फैंटेसी विधान है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) क और ख दोनों सही

270. रचनाकाल के अनुसार निम्न रचनाओं का सही अनुक्रम क्या है?

  • (अ) लिरिकल बैलड्स, साइन्स एंड पोइट्री, इओन, द मीनिंग ऑफ़ मीनिंग
  • (ब) इओन, लिरिकल बैलड्स, द मीनिंग ऑफ़ मीनिंग, साइन्स एंड पोइट्री
  • (स) लिरिकल बैलड्स, इओन, साइन्स एंड पोइट्री, द मीनिंग ऑफ़ मीनिंग
  • (द) द मीनिंग ऑफ़ मीनिंग, लिरिकल बैलड्स, इओन, साइन्स एंड पोइट्री
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (ब) इओन, लिरिकल बैलड्स, द मीनिंग ऑफ़ मीनिंग, साइन्स एंड पोइट्री

271. निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?

  • (अ) तार्किक संगति बिम्ब की तीव्रता को बढ़ाती है।
  • (ब) प्रतीकों में तार्किक संगति का अभाव होता है।
  • (स) बिम्ब का ढाँचा आनुषंगिक नियमों द्वारा बुना जाता है।
  • (द) बिम्ब के संगठन में अंतर्विरोध नहीं होता।
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) बिम्ब का ढाँचा आनुषंगिक नियमों द्वारा बुना जाता है।

272. क (कथन): बिम्ब अतीन्द्रिय होते हैं। ख (तर्क): क्योंकि उनमें ऐन्द्रिकता का होना अनिवार्य है। कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) क गलत, ख सही

273. इनमें से कौन-सा कथन सत्य है?

  • (अ) प्लेटो की दृष्टि यथार्थपरक थी, अरस्तू की आदर्शपरक
  • (ब) प्लेटो और अरस्तू दोनों की दृष्टि आदर्शपरक थी
  • (स) प्लेटो की दृष्टि आदर्शपरक थी, अरस्तू की यथार्थपरक
  • (द) दोनों की दृष्टि यथार्थपरक थी
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) प्लेटो की दृष्टि आदर्शपरक थी, अरस्तू की यथार्थपरक

274. टी. एस. इलियट के आलोचना-ग्रंथों का सही क्रम क्या है?

  • (अ) द सेक्रेड वुड, एलिजाबेथेन एसेज, सेलेक्टेड एसेज, एसेज- एन्सियेण्ट एण्ड मॉडर्न
  • (ब) एलिजाबेथेन एसेज, द सेक्रेड वुड, सेलेक्टेड एसेज, एसेज-एन्सियेण्ट एण्ड मॉडर्न
  • (स) सेलेक्टेड एसेज, द सेक्रेड वुड…
  • (द) एसेज-एन्सियेण्ट…
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) द सेक्रेड वुड, एलिजाबेथेन एसेज, सेलेक्टेड एसेज, एसेज- एन्सियेण्ट एण्ड मॉडर्न

275. ’’कविता सर्वोत्तम शब्दों का सर्वोत्तम क्रम विधान है।’’ यह किस पाश्चात्य आलोचक का मत है?

  • (अ) एडीसन
  • (ब) वर्ड्सवर्थ
  • (स) कॉलरिज
  • (द) मैथ्यू आर्नोल्ड
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) कॉलरिज

276. क (कथन): प्रतीक अमूर्त का मूर्तिकरण है… ख (तर्क): क्योंकि जब किसी वस्तु का एक भाग गोचर हो… कूट:

  • (अ) क और ख दोनों सही
  • (ब) क सही, ख गलत
  • (स) क गलत, ख सही
  • (द) क और ख दोनों गलत
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) क और ख दोनों सही

277. हिन्दी साहित्य के अस्सी वर्ष कृति निम्न में से किस लेखक की है ?

  • (अ) शिवदान सिंह चैहान
  • (ब) नामवर सिंह
  • (स) रामविलास शर्मा
  • (द) प्रकाशचन्द गुप्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (अ) शिवदान सिंह चैहान

278. ’कला और सामाजिक जीवन’ पुस्तक के लेखक है-

  • (अ) गोर्की
  • (ब) काॅडवेल
  • (स) जार्ज लुकाच
  • (द) प्लेखानोव
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (द) प्लेखानोव

279. माक्र्सवादी चिन्तकों, आलोचकों की कला और साहित्य सम्बंधी मान्यताओं का मूल केन्द्र है –

  • (अ) ऐतिहासिक भौतिकवाद
  • (ब) वर्ग-संघर्ष का सिद्धान्त
  • (स) द्वन्द्वात्मक भौतिकवाद
  • (द) अतिरिक्त मूल्य का सिद्धान्त
👉 उत्तर देखें
सही उत्तर: (स) द्वन्द्वात्मक भौतिकवाद

काव्यशास्त्र वन-लाइनर: एक पंक्ति में प्रश्न और उत्तर (115)

ऊपर की प्रश्नोत्तरी से चुने गए सीधे तथ्य-वाले प्रश्न, जिन्हें आप बिना विकल्प देखे दोहरा सकते हैं।

प्रश्नउत्तर
’नाट्यशास्त्र’ के रचयिता कौन हैं?भरतमुनि
भामह के ग्रंथ के आधार पर ’भामह-विवरण’ की रचना करने वाले आचार्य कौन हैं?उद्भट
काव्यादर्श एवं दशकुमारचरित ग्रंथों के रचयिता कौन हैं?दण्डी
काव्यालंकार सूत्रवृत्ति रचना के रचनाकार कौन है?वामन
’ध्वन्यालोक’ के रचनाकार कौन हैं?आनंदवर्धन
’ध्वन्यालोक’ के प्रधान आलोचक कौन माने जाते हैं?अभिनव गुप्त
’ध्वन्यालोक’ की टीका का क्या नाम है?लोचन
’ध्वन्यालोक’ की टीका ’लोचन’ के रचनाकार कौन है?अभिनव गुप्त
’काव्यमीमांसा’ के रचनाकार कौन है?राजशेखर
’दशरूपक’ के रचनाकार कौन है?धनंजय
➕ बाकी 105 वन-लाइनर देखने के लिए क्लिक करें
प्रश्नउत्तर
व्यक्तिविवेक रचना के रचनाकार कौन है?महिमभट्ट
’औचित्य विचार चर्चा’ एवं ’कविकण्ठाभरण’ के रचनाकार है?क्षेमेंद्र
’काव्यप्रकाश’ के रचनाकार कौन है?मम्मट
’अलंकारसर्वस्व’ के रचयिता कौन है?रुय्यक
’रसगंगाधर’ के रचयिता कौन है?जगन्नाथ
अलंकार से संबद्ध ग्रंथ ’कुवलयानंद’ के रचयिता है?अप्पय दीक्षित
कितने प्रकार के काव्य हेतु माने गए है?तीन
शब्दशक्ति के मूलतः कितने भेद माने गए है?तीन
ध्वनि-सिद्धांत के प्रवर्तक माने जाते है?आनंदवर्धन
हिंदी साहित्य में छंदशास्त्र की दृष्टि से प्रथम कृति मानी जाती है?छंदमाला
’ध्वनि प्रस्थापक परमाचार्य’ माना जाता है –मम्मट
प्रतीयमानं पुरन्यदेवं वस्त्वस्ति वाणीषु महाकवीनाम्।आनन्दवर्द्धन
’’मोती का पानी था वो आनन्द भवन का वासी थासंलक्ष्यक्रम ध्वनि
’ध्वन्यालोक’ में उद्योत है –4
भरत ने रसो की संख्या कितनी मानी?आठ
सामान्यतः स्थायी भावों की संख्या कितनी मानी जाती है?नौ
बीभत्स रस का स्थायी भाव है?जुगुप्सा
रसनिष्पत्ति के प्रथम व्याख्याकार कौन है?भट्ट लोल्लट
अनुभाव के कितने रूप माने गए है?चार
सात्त्विक अनुभाव कितने प्रकार के माने गए है?आठ
अस्थिर मनोविकार अथवा चित्तवृत्तियाँ क्या कहलाती है?संचारी भाव
व्यभिचारी भावों की संख्या सामान्यतः कितनी मानी गई है?तैंतीस
भरत-सूत्र के अंतिम व्याख्याता है?अभिनवगुप्त
न्याय सिद्धांत के आधार पर रसनिष्पत्ति की व्याख्या करने वाले व्याख्याकार थे?शंकुक
वेदांतानुसार रसनिष्पत्ति की व्याख्या करने वाले व्याख्याकार कौन है?अभिनवगुप्त
आलंबन का साधारणीकरण मानने वाले व्याख्याकार कौन है?रामचंद्र शुक्ल
कवि-भावना का साधारणीकरण मानने वाले व्याख्याकार कौन है?रामचंद्र शुक्ल
सहृदय की चेतना का साधारणीकरण मानने वाले व्याख्याकार कौन है?डाॅ. नगेन्द्र
काव्यशास्त्र में ’आत्मा’ शब्द का सर्वप्रथम प्रयोग किया?वामन
काव्य के अंतरंग पर बल देने वाला संप्रदाय है?ध्वनि
स्थायी भाव को उद्घोषित करने वाले कारण कहलाते है?विभाव
साधारणीकरण की व्याख्या के अंतर्गत कवि-कर्म या कवि-अनुभूति की ओर इंगित किया?धनंजय
भावक या पाठक का साधारणीकरण माना?डाॅ. नगेन्द्र
नायक-नायिका-भेद निरूपक ग्रंथ ’उज्ज्वलनीलमणि’ के रचनाकार कौन है?रूपगोस्वामी
शील के आधार पर नायक के कितने भेद माने गए है?चार
रसनिष्पत्ति में ब्रह्म-सहोदर की व्याख्या की?भट्टनायक
वे बाह्य विकार जो सहृदय में भावों को जाग्रत करते हैं, क्या कहलाते हैं?विभाव
भरतमुनि के रस सूत्र के व्याख्यता भट्टनायक के सिद्धांत का क्या नाम है?भुक्तिवाद / भक्तिवाद
’चित्र तुरंग न्याय’ संज्ञा वाली रससूत्र-व्याख्या है –अनुमितिवाद
रस-सूत्र की कौनसी व्याख्या में साधारणीकरण की कल्पना की गई –भुक्तिवाद
सर्वप्रथम रससूत्र की व्याख्या करने वाले आचार्य थे-भट्टलोल्लट
कवि की अनुभूति का साधारणीकरण होता है। यह मत है –नगेन्द्र
साधारणीकरण का सर्वप्रथम प्रयोग किया –भट्टनायक
’साधारणीकरण में कवि कल्पित समस्त क्रिया व्यापारों का साधारणीकरण होता है –आचार्य नन्ददुलारे वाजपेयी
भट्टनायक ने रस-प्रक्रिया की अवस्थाएँ मानी –तीन
अनुमित्तिवाद सिद्धान्त के प्रवर्तक है –शंकुक
’रस सिद्धान्त’ नामक ग्रंथ के लेखक है –नगेन्द्र
अरस्तु का काव्यालोचन ग्रंथ है –पेरिपोइतिकेस
प्लेटो का समय माना जाता है –427 ई.पू. से 347 ई.पू. तक
प्लेटो के संपूर्ण चिंतन का मुख्य उद्देश्य है –आदर्श राज्य-निर्माण
प्लेटो के गुरु कौन थे?सुकरात
अरस्तु का जन्म और मृत्यु समय है –384 ई.पू. तथा 322 ई.पू.
’अनुकरण सत्य से तिगुना दूर है’ माना है –प्लेटो
’काव्य को प्रकृति की अनुकृति’ माना है –अरस्तु
’कविता प्रबल मनोवेगांे का सहज उच्छलन है’ मानते है –वर्ड्सवर्थ
अरस्तु ने ’त्रासदी’ के कितने अंग माने है?छह
’बायोग्राफिया लिटरेरिया’ के रचनाकार है?काॅलरिज
’कैथार्सिस’ का अर्थ है –शुद्धिकरण
लोंजाइनस ने कितने काव्य-दोष माने हैं –तीन
’पेरिइप्सुस’ के रचयिता है –लोंजाइनस
लोंजाइनस ने उदात्त के कितने स्त्रोत माने है?पाँच
’विरेचन सिद्धांत’ के प्रवर्तक कौन है –अरस्तु
’लिरिकल बैलेड्स’ के रचनाकार कौन है?वर्ड्सवर्थ
प्लेटो के काव्य सिद्धांत की विशेषताएँ कौन-सी हैं? (क, ख, ग)क, ख और ग
अरस्तू के त्रासदी की विशेषताएँ हैं:क और ख
काव्य में अनुकृति की विधि के विषय में अरस्तू ने कितनी शैलियाँ बताई है ?3
अरस्तू के ग्रंथ ’पेरिपोइएतिकेस’ (काव्यशास्त्र) में अध्याय है ?26
प्लेटो के अनुसार कला जगत अनुकरण का अनुकरण होने से सत्य से कितनी दूर है ?दौ गुना
अरस्तू का समय काल माना जाता है ?384-322 ई.पू.
अरस्तू के काव्यशास्त्र ग्रंथ में यूनानी शब्द ’मिमेसिस’ का अर्थ है ?अनुकरण
अरस्तू की काव्य-समीक्षा का आधार था ?काव्य शास्त्र
लोंजाइनस की रचना ’पेरिइप्सुस’ का अनुवाद इस नाम से हुआ –on the sublime
औदात्य का मूल आधार है –प्रतिभा
’कल्पना मानव-मस्तिष्क की बिंब-विधायिनी शक्ति है’ मानते है –काॅलरिज
’आम आदमी की भाषा’ अथवा ’ग्रामीण भाषा’ के पक्षधर थे –वर्ड्सवर्थ
मूलतः दार्शनिक और सौंदर्यशास्त्री है –क्रोचे
’परंपरा और व्यक्ति-प्रज्ञा’ निबंध के लेखक है –इलियट
’अभिव्यंजना सिद्धांत’ के प्रवर्तक है –क्रोचे
’द काॅकटेल पार्टी’ काव्य के लेखक है –इलियट
टी.एस. इलियट मूलतः थे –अमरीकी
’नयी समीक्षा’ के जनक माने जाते है –टी.एस. इलियट
’एस्थेटिक’ पुस्तक के रचयिता है –क्रोचे
’द वेस्ट लैंड’ के रचयिता है –इलियट
अभिव्यंजनावाद को भारतीय वक्रोक्तिवाद का विलायती उत्थान माना है –रामचंद्र शुक्ल
’द सेक्रैट वुड’ के रचयिता है –इलियट
सहजानुभूति-अभिव्यंजना को आंतरिक प्रक्रिया मानते है –बेनेदितो क्रोचे
’काव्य जीवन की आलोचना है’ ऐसा मानते है –मैथ्यू अर्नाल्ड
’नयी समीक्षा’ के समीक्षक है –सभी
मनोवैज्ञानिक आलोचक है –आई.ए. रिचर्ड्स
’मलार्मे औरे वैलेरी’ मूलतः है –प्रतीकवादी
’प्रिंसिपल्ज ऑफ लिटरेरी क्रिटिसिज्म’ के रचनाकार है –आई.ए. रिचर्ड्स
’मूल्य सिद्धांत’ के प्रवर्तक कौन है?रिचर्ड्स
वस्तुनिष्ठ समीकरण का सिद्धांत है –टी.एस. इलियट
’निर्वैयक्तिकरण’ सिद्धांत है –इलियट
’द न्यू क्रिटिसिज्म’ पुस्तक के लेखक है –जान क्रो रेन्सम
’उत्तर संरचनावाद’ का जन्म हुआ –फ्रांस
’एम्बिगुइटी’ नयी समीक्षा में इस शब्द के प्रवर्तक है –विलियम एम्पसन
विलियम एम्पसन ने कितने प्रकार के ’अनेकार्थता या श्लेष’ माने है –सात
मिथकीय समीक्षा का सबसे समर्थ प्रवक्ता है –नार्थप फ्राई
’सार्वभौम मूर्तविधान’ नयी समीक्षा में इस शब्दावली के प्रयोगकर्ता है –डब्ल्यू.के. विमसाट
’मिथ’ शब्द कहाँ का है –यूनानी
कल्पना सिद्धांत के प्रवर्तक है –सेमुअल काॅलरिज
’सेवन टाइप्स ऑफ एम्बिगुइटी’ के रचनाकार है –विलियम एम्पसन
विलियम वर्ड्सवर्थ का समय काल क्या था?1770-1850 ई.
’कला और सामाजिक जीवन’ पुस्तक के लेखक है-प्लेखानोव
🎯 पूरी तैयारी एक जगह: UGC NET Paper 1 की पूरी गाइड पढ़ें।
UGC NET Paper 1 नोट्स गाइड
📥 काव्यशास्त्र के 100 वस्तुनिष्ठ प्रश्न PDF (दोबारा) उत्तर सहित, मोबाइल में पढ़ने और प्रिंट के लिए।
PDF डाउनलोड करें (13 पन्ने, 327 KB)

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

काव्यशास्त्र क्या है?

काव्यशास्त्र साहित्य के सिद्धांतों का अध्ययन है। इसमें काव्य के लक्षण, हेतु, प्रयोजन, रस, अलंकार, रीति, ध्वनि, गुण-दोष और पाश्चात्य काव्य-सिद्धांत आते हैं।

भारतीय काव्यशास्त्र के प्रमुख संप्रदाय कौन-से हैं?

छह प्रमुख संप्रदाय माने जाते हैं: रस संप्रदाय (भरतमुनि), अलंकार संप्रदाय (भामह), रीति संप्रदाय (वामन), ध्वनि संप्रदाय (आनंदवर्धन), वक्रोक्ति संप्रदाय (कुंतक) और औचित्य संप्रदाय (क्षेमेंद्र)।

रस सूत्र के प्रमुख व्याख्याकार कौन हैं?

भट्टलोल्लट (उत्पत्तिवाद), शंकुक (अनुमितिवाद), भट्टनायक (भुक्तिवाद) और अभिनवगुप्त (अभिव्यक्तिवाद) रस सूत्र के प्रमुख व्याख्याकार हैं।

शब्द शक्ति के कितने भेद होते हैं?

शब्द शक्ति के मुख्य तीन भेद हैं: अभिधा, लक्षणा और व्यंजना। इन पर अलग से प्रश्नोत्तरी हमारे शब्दशक्ति प्रश्नोतरी पेज पर है।

पाश्चात्य काव्यशास्त्र के प्रमुख सिद्धांतकार कौन हैं?

प्लेटो, अरस्तू, लोंजाइनस, वर्ड्सवर्थ, कोलरिज, क्रोचे, आई.ए. रिचर्ड्स और टी.एस. इलियट प्रमुख पाश्चात्य सिद्धांतकार हैं।

क्या इस पेज पर सभी प्रश्नों के उत्तर दिए गए हैं?

हाँ, हर प्रश्न के नीचे “उत्तर देखें” बटन है। पहले खुद उत्तर सोचें, फिर बटन दबाकर मिलान करें।

इन्हें भी पढ़ें

केवल कृष्ण घोड़ेला
लेखक परिचय: केवल कृष्ण घोड़ेला
एम.ए., बी.एड. (नेट हिंदी), कॉलेज व्याख्याता, श्रीगंगानगर (राजस्थान); हिंदी साहित्य चैनल के संचालक।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top
🔥 नया
✕
✕
📚 भारतीय काव्यशास्त्र MCQ प्रश्नोत्तरी PDF
देखें →