प्रमुख उपन्यास पात्र || hindi shaitya || हिंदी साहित्य का इतिहास

दोस्तों आज की पोस्ट में हम hindi shaitya की उपन्यास(novel) विधा में महत्वपूर्ण उपन्यासों के प्रमुख पात्र पढेंगे उपन्यासों के नायक एवं नायिका उपन्यास पात्र  तत्सम वसुधा  रतिनाथ की चाची  गौरी  दादा कामरेड  चंद्रशेखर आजाद  इदं न मम  मंदा ,मकरंद  सात नदिया एक समुंदर  शहनाज ,अख्तर ,   मलीहा,तैयबा  निष्कवच  मीरा  इमरतिया मस्तराम  मुझे चांद चाहिए

priyprvaas || प्रियप्रवास महाकाव्य महत्वपूर्ण तथ्य || hindi sahitya

दोस्तों आज की पोस्ट में हरिऔध जी की चर्चित रचना प्रियप्रवास के बारे में महत्वपूर्ण तथ्य जानेंगे  प्रियप्रवास(priyprvaas) हरिऔध जी द्विवेदी युग के प्रख्यात कवि होने के साथ-साथ उपन्यासकार आलोचक व इतिहासकार भी थे। पण्डित श्रीधर पाठक के बाद हरिऔध जी हैं जिन्होंने खङी बोली में सरस व मधुर रचनाएँ की। प्रियप्रवास की रचना हरिऔध

kriya in hindi || क्रिया || hindi grammar || हिंदी व्याकरण

दोस्तों आज की पोस्ट में हम क्रिया (kriya in hindi)के बारे में अच्छे से जानेंगे और क्रिया के भेद व पहचानने के तरीके जानेंगे  क्रिया किसे कहते है ?(kriya kise khate hai) जिस शब्द से किसी काम का करना या होना समझा जाए, उसे ’क्रिया’ कहते है; जैसे- पढ़ना, खाना, पीना, जाना इत्यादि। क्रिया विकारी

भक्तिकालीन सम्बन्ध में प्रमुख आलोचनात्मक कथन || hindi sahitya

दोस्तों आज की पोस्ट में भक्तिकालीन सम्बन्ध में प्रमुख आलोचनात्मक कथन दिए गए है जो परीक्षा के लिए काफी उपयोगी साबित होंगे भक्तिकालीन कवियों के सम्बन्ध में प्रमुख आलोचनात्मक कथन   ⇒कबीर तथा अन्य निर्गुण पंथी संतों के द्वारा अंतस्साधना में रागात्मिकता ’भक्ति’ और ज्ञान का योग तो हुआ है पर कर्म की दिशा वही

नागमती वियोग खण्ड || पद्मावत || मलिक मुहम्मद जायसी || hindi sahitya

दोस्तो आज की पोस्ट में नागमती वियोग खण्ड की महत्वपूर्ण व्याख्या दी गयी है इसमे वही टॉपिक दिये गए है जो परीक्षा की हिसाब से उपयोगी है  नागमती वियोग खण्ड महत्त्वपूर्ण व्याख्या और तथ्य नागमती का विरह वर्णन जायसी के विरहाकुल हृदय की गहन अनुभूति का सर्वाधिक मार्मिक-चित्रण नागमती के विरह-वर्णन में प्राप्त होता है।

हिन्दी के प्रमुख लेखक जन्म कालक्रम || hindi sahitya

दोस्तो आज की पोस्ट में हिन्दी साहित्य(hindi sahitya) के प्रमुख लेखकों (हिन्दी के प्रमुख लेखक)का जन्मकाल(janmkaal) एक ही सारणी में समाहित किया गया है  हिन्दी के प्रमुख लेखकों(writers) का जन्म के आधार पर कालक्रम विशेष : दोस्तो इस विषय वस्तु से संबन्धित हर एक्जाम में एक या दो प्रश्न अवश्य पूछे जाते है ,इसे आप

अरस्तू का अनुकरण सिद्धान्त || kavya shastra || काव्य शास्त्र

दोस्तो आज की पोस्ट में हम काव्यशास्त्र विषय के अंतर्गत अरस्तू का अनुकरण सिद्धान्त अच्छे से समझेंगे  अरस्तू का अनुकरण सिद्धान्त(arstu ka anukaran sidhant) अरस्तू महान् यूनानी दार्शनिक प्लेटो (427 ई.पू. से 347 ई.पू.) का शिष्य माना जाता है। इनका स्थितिकाल (384 ई.पू. से 322 ई.पू.) निर्धारित किया जाता है। सिकन्दर महान् ने भी अरस्तू
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