आधुनिक काल हिंदी साहित्य प्रश्नोतरी 1

▶ *”आत्मा और परमात्मा का गुप्त वाग्विलास रहस्यवाद है और वही छायावाद है।”*
किसका कथन है ?
➖रामकुमार वर्मा ✅

▶ *”जिस प्रकार मैटर ऑफ़ फैक्ट(इतिवृत्तात्मक) के आगे की चीज छायावाद है उसी प्रकार छायावाद के आगे की चीज रहस्यवाद है।”*
किसका कथन है ?
➖शांतिप्रिय द्विवेदी✅

▶ *”कविता के क्षेत्र में पौराणिक युग की किसी घटना अथवा देश-विदेश की सुंदरी के बाह्य वर्णन से भिन्न जब वेदना के आधार पर स्वानुभूतिमयी अभिव्यक्ति होने लगी तब हिंदी में उसे छायावाद के नाम से अभिहित किया गया।”*
किसके द्वारा दी गयी परिभाषा है ?
➖जयशंकर प्रसाद✅

▶ *छायावाद वस्तुत: कई काव्य प्रवृत्तियों का सामूहिक नाम है और वह उस “राष्ट्रीय जागरण की काव्यात्मक अभिव्यक्ति” है जो एक ओर पुरानी रुढ़ियों से मुक्ति पाना चाहता था और दूसरी ओर विदेशी पराधीनता से।*
किसका कथन है ?
➖नामवर सिंह✅

▶ *”…..छायावाद एक शैली विशेष है,जो लाक्षणिक प्रयोगों,अप्रस्तुत विधानों और अमूर्त उपमानों को लेकर चलती है।”*
किसका कथन है ?
➖आचार्य रामचंद्र शुक्ल✅

▶ *’ कामायनी ‘* मनोविज्ञान की *’ट्रीटाइज़’* है।
किसका कथन है ?
➖डॉ नगेन्द्र✅

▶ *कामायनी हर आधुनिक समीक्षक , और रचनाकार के लिए भी , परीक्षा – स्थल है।*
किसका कथन है ?
➖रामस्वरूप चतुर्वेदी✅

▶ *मुक्तिबोध का कामायनी संबंधी अध्ययन फूहड़ मार्क्सवाद का नमूना है।*
किसका कथन है ?
➖बच्चन सिंह✅

▶ किसने कामायनी को *कंपोजीशन* की संज्ञा दी है ?
➖रामस्वरूप चतुर्वेदी

▶ *कामायनी की धुरी जिस श्रद्धा पर आधारित हैं वह बदले हुए युग की देंन है?* किसने कहा है ?
➖बच्चन सिंह✅

▶ कामायनी का प्रकाशन हिंदी साहित्य की एक घटना हैं ? किसने कहा है ?
➖रामनाथ सुमन ✅

▶ कामायनी के पाण्डुलिपि -संस्करण का प्रकाशन कब हुआ है ?
➖1971 ई॰✅

▶ *कामायनी जीवन की पुनर्रचना है।* किसने कहा ?
➖गजानन माधव मुक्तिबोध✅

2,, “प्रगतिवाद छायावाद की भस्म से नहीं पैदा हुआ बल्कि उसका घोंटकर पैदा हुआ” कथन हैं
1, रामविलास शर्मा
2,डॉ नगेंद्र ✅
3,शिवदान सिंह चौहान
4, नंददुलारे वाजपेई

3, किस पत्रिका में प्रगतिवादी आंदोलन का विरोध हुआ था
1,चांद
2,सरस्वती
3,विशाल भारत ✅
4,हंस

4,, ‘शोषकों का विरोध एवं शोषितों के प्रति सहानुभूति’ किस काव्यधारा की विशेषताहैं।
1, प्रगतिवादी ✅
2,छायावादी
3, प्रयोगवादी
4 नई कविता

5, ‘प्रगतिवाद’ का संबंध किस दर्शन से है
1,अद्वैतवाद
2, प्रकृतिवाद
3,मार्क्सवाद ✅
4,अरविंद दर

6,, ‘भारत में प्रगतिशील साहित्य की आवश्यकता’ लेख किसका हैं
1,शिवदान सिंह✅
2,नन्ददुलारे वाजपेयी
3,शिव प्रसाद सिंह
4,प्रेमचन्द

7, ‘पांचाली’ प्रबन्ध किस प्रगतिवादी कवि की रचना हैं
1, रामविलास शर्मा
2, रांगेय राघव✅
3,केदारनाथ
4,शिवमंगल सिह

8, “केदारनाथ अग्रवाल गहरी जीवन आस्था के कवि हैं “मैं समझता हूं यही उनके व्यक्तित्व का बीज गुण है, कथन किसका है
1,विनोद कुमार शुक्ल
2, अमृतराय ✅
3,लक्ष्मीकांत वर्मा
4,इंद्रनाथ मदान

आधुनिक काल हिंदी साहित्य प्रश्नोतरी 1

 

१. डॉ. बच्चन सिंह ने खड़ी बोली का प्रथम प्रगतिवादी काव्य किसे माना है?
💐 युगवाणी, -पंत-
२. डॉ. गणपतिचंद्र गुप्त ने कालक्रम की दृष्टि से प्रथम प्रगतिवादी काव्य और कवि किसे माना है?
💐 रामेश्वर करुण की करुण सतसई
३. केदारनाथ अग्रवाल प्रारम्भ में किस उपनाम से रचना करते थे?
💐 बालेंदु
४. ‘देश विदेश की कविताएँ’ शीर्षक अनुवाद किसने किया?
💐 केदारनाथ अग्रवाल
५. नागार्जुन की खड़ी बोली में सर्वप्रथम प्रकाशित रचना कौनसी है तथा किस पत्रिका में छपी?
💐 ‘राम के प्रति’ 1935, विश्वबंधु पत्रिका
६. नागार्जुन साहित्य का मेनिफेस्टो किस कविता को कहा गया है?
💐 प्रतिहिंसा ही स्थायी भाव है, (नागार्जुन ने ही कहा है)
७. नागार्जुन की कविताओं को नुक्कड़ कविता किसने कहा?
💐 डॉ. बच्चन सिंह
८. प्रगतिवाद का शलाका पुरुष कौन है?
💐 नागार्जुन
९. गुनिया का यौवन किसकी कविता है? शिवमंगल सिंह सुमन
१०. अवध का किसान कवि किसने किसको कहा?
💐 त्रिलोचन को मुक्तिबोध ने कहा
११. अजेय खण्डहर किसकी रचना है? इसके शीर्षकों का नाम क्या है?
💐 रांगेय राघव, शीर्षक हैं- झंकार, ललकार, हुंकार
१२. ‘अमोला’ काव्य की भाषा क्या है?
💐 अअवधी
१३. “माँझी न बजाओ वंशी मेरा प्रण टूटता” किसकी पंक्ति है?
💐 केदारनाथ अग्रवाल

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