अमृतलाल नागर का जीवन परिचय, उपन्यास और रचनाएँ | Amritlal Nagar

अंतिम संशोधित (Last Updated): October 22, 2026

हिंदी के प्रख्यात कथाकार अमृतलाल नागर: जीवन परिचय और रचनाएँ (Amritlal Nagar ka Jivan Parichay)

हिंदी गद्य साहित्य में सामाजिक यथार्थ, ऐतिहासिक परंपरा, लोक-संस्कृति और मनोवैज्ञानिक गहराई को अपनी उपन्यासों व कहानियों के माध्यम से जीवंत करने वाले महान कथाकार अमृतलाल नागर का आधुनिक हिंदी साहित्य में अत्यंत विशिष्ट स्थान है। प्रतियोगी परीक्षाओं (जैसे REET, RPSC, TGT, PGT, कॉलेज लेक्चरर और हिंदी साहित्य से जुड़ी अन्य परीक्षाओं) की दृष्टि से अमृतलाल नागर का जीवन परिचय और उनकी प्रमुख कृतियाँ अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इस आलेख में हम उनके संपूर्ण जीवन और कृतित्व का विस्तार से अध्ययन करेंगे।

📌 अमृतलाल नागर का संक्षिप्त परिचय (Quick Facts)

  • जन्म: 17 अगस्त, 1916 ई.

  • जन्म स्थान: गोकुलपुरा, आगरा (उत्तर प्रदेश) — इनका परिवार मूल रूप से एक गुजराती ब्राह्मण परिवार था, किंतु इनके पितामह पं. शिवराम नागर सन 1895 से लखनऊ आकर बस गए थे।

  • पिता का नाम: राजाराम नागर

  • शिक्षा: इनकी औपचारिक शिक्षा हाईस्कूल तक ही हुई, किंतु स्वाध्याय (स्वयं के अध्ययन) के बल पर इन्होंने साहित्य, इतिहास, पुराण, पुरातत्व और समाजशास्त्र का गहन अध्ययन किया। साथ ही, हिंदी, गुजराती, मराठी, बांग्ला और अंग्रेजी भाषाओं पर पूर्ण अधिकार प्राप्त किया।

  • प्रमुख कार्यक्षेत्र: आरंभ में कुछ समय नौकरी की, तत्पश्चात स्वतंत्र लेखन एवं फिल्म लेखन कार्य शुरू किया।

  • विशिष्ट पद: सन 1953 से 1956 तक ये आकाशवाणी, लखनऊ में ‘ड्रामा प्रोड्यूसर’ के रूप में भी कार्यरत रहे।

📚 अमृतलाल नागर का रचना-संसार (Amritlal Nagar Rachnaye)

अमृतलाल नागर ने उपन्यास, कहानी, नाटक, बाल साहित्य और व्यंग्य जैसी विभिन्न विधाओं में प्रचुर और श्रेष्ठ रचनाएँ दी हैं:

1. उपन्यास (Novels)

हिंदी उपन्यास साहित्य में नागर जी को आख्यान और चरित्र-सृजन का सिद्धहस्त शिल्पी माना जाता है:

  • महाकाल (यह उपन्यास बाद में ‘भूख’ शीर्षक से भी प्रकाशित हुआ था, जो बंगाल के अकाल की पृष्ठभूमि पर आधारित है।)

  • बूँद और समुद्र (यह लखनऊ के चौक बाज़ार और वहाँ के जनजीवन को केंद्र में रखकर लिखा गया उनका एक अत्यंत प्रसिद्ध और बहुचर्चित उपन्यास है।)

  • शतरंज के मोहरे (यह नवाब वाजिद अली शाह के काल की पृष्ठभूमि पर आधारित ऐतिहासिक उपन्यास है।)

  • सुहाग के नूपुर (इसमें संगमकालीन ऐतिहासिक और सांस्कृतिक परिवेश के साथ ऐंद्रिक प्रेम और नैतिकता का सुंदर समन्वय है।)

  • अमृत और विष (यह समकालीन जीवन की समस्याओं, मूल्यों और मानवीय संघर्षों पर आधारित उपन्यास है।)

  • सात घूँघट वाला मुखड़ा

  • एकदा नैमिषारण्ये (यह पौराणिक और सांस्कृतिक चेतना पर आधारित एक अनूठा उपन्यास है।)

  • मानस का हंस (यह महाकवि तुलसीदास के जीवन और उनके युगांतकारी संघर्ष को आधार बनाकर लिखा गया श्रेष्ठ जीवनीपरक उपन्यास है।)

  • नाच्यौ बहुत गोपाल (यह उपन्यास समाज के उपेक्षित और दलित वर्ग के जीवन तथा उनकी विडंबनाओं का यथार्थ चित्रण करता है।)

  • खंजन नयन (यह कृष्ण भक्त कवि सूरदास के जीवन पर आधारित एक अत्यंत लोकप्रिय और मार्मिक उपन्यास है।)

  • अग्निगर्भा

  • करवट

  • पीढ़ियाँ

2. कहानी संग्रह (Story Collections)

अमृतलाल नागर के प्रमुख कहानी संग्रह निम्नलिखित हैं:

  • वाटिका

  • अवशेष

  • तुलाराम शास्त्री

  • आदमी, नहीं! नहीं!

  • पाँचवा दस्ता

  • एक दिल हजार दास्ताँ

  • एटम बम

  • पीपल की परी

  • कालदंड की चोरी

  • मेरी प्रिय कहानियाँ

  • पाँचवा दस्ता और सात कहानियाँ

  • भारत पुत्र नौरंगीलाल

  • सिकंदर हार गया

  • एक दिल हजार अफसाने

3. नाटक (Dramas)

  • युगावतार (1956 ई.)

  • बात की बात (1974 ई.)

  • चंदन वन (1974 ई.)

  • चक्कसरदार सीढ़ियाँ और अँधेरा (1977 ई.)

  • उतार-चढ़ाव (1977 ई.)

  • नुक्कड़ पर (1981 ई.)

  • चढ़त न दूजो रंग (1982 ई.)

4. बाल साहित्य (Children’s Literature)

बाल रचना का नामप्रकाशन वर्ष
बजरंगी पहलवान1969 ई.
अक्ल बड़ी या भैंस1982 ई.
सतखंडी हवेली का मालिक1990 ई.
फूलों की घाटी1997 ई.
त्रिलोक विजय2001 ई.
 

इसके अतिरिक्त उन्होंने कई महत्वपूर्ण अनुवाद कार्य तथा व्यंग्य रचनाएँ भी लिखी हैं।

  • 🔗 हिंदी साहित्य के 10 चर्चित लेखक और कवि

    क्र.सं.लेखक / कवि का नाममुख्य विशेषता / कालइंटरनल लिंक (URL)
    1.भारतेंदु हरिश्चंद्रआधुनिक हिंदी गद्य के जनक / भारतेंदु युगलिंक देखें
    2.महावीर प्रसाद द्विवेदीद्विवेदी युग के मार्गदर्शक और निबंधकारलिंक देखें
    3.जयशंकर प्रसादछायावाद के प्रमुख स्तंभ और नाटककारलिंक देखें
    4.सूर्यकांत त्रिपाठी ‘निराला’छायावाद के मुक्तछंद के प्रणेतालिंक देखें
    5.सुमित्रानंदन पंतप्रकृति के सुकुमार कवि / छायावादलिंक देखें
    6.महादेवी वर्माआधुनिक मीरा / छायावाद की प्रमुख कवयित्रीलिंक देखें
    7.प्रेमचंद (धनपत राय)उपन्यास सम्राट / कथा साहित्य के शिखर पुरुषलिंक देखें
    8.अज्ञेय (सच्चिदानंद हीरानंद वात्स्यायन)प्रयोगवाद और नई कविता के प्रवर्तकलिंक देखें
    9.रामधारी सिंह ‘दिनकर’राष्ट्रकवि / ओज और विद्रोह के कविलिंक देखें
    10.कृष्णा सोबतीआधुनिक कथा साहित्य और स्त्री-विमर्श की सशक्त हस्ताक्षरलिंक देखें
      
 

 

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top